अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त महान वैज्ञानिक भारत रत्न डॉ. अब्दुल कलाम के निधन पर जनप्रतिनिधियों ने शोक जताया है। उन्होंने कहा कि मिसाइल मैन के जाने से देश को अपूर्णनीय क्षति हुई है।
सांसद एवं केंद्रीय मंत्री डॉ. महेश शर्मा ने कहा कि भारत ने एक महान वैज्ञानिक खो दिया है। उनका वैचारिक व्यक्तित्व धर्म, जाति और बिरादरी से ऊपर था।
वह चाहे वैज्ञानिक रहे हों या राष्ट्रपति, उनकी सोच हमेशा देश को आगे बढ़ाने की रही। विधायक विमला बाथम ने कहा कि कलाम साहब देश के सिरमौर थे।
वह हिंदू-मुस्लिम एकता के मिसाल थे। उन्होंने जीवन में जो भी काम किया, उसका गौरव ही बढ़ाया है। गुर्जर नेता हरिश्चंद्र भाटी ने कहा कि कलाम साहबजब वैज्ञानिक थे तो वह बच्चों के बीच जाकर उनको जीवन लक्ष्य बताते थे।
जब राष्ट्रपति बने तो भी उन्होंने बच्चों के बीच जाना बंद नहीं किया। उन्होंने बच्चों को हमेशा यही शिक्षा दी कि बड़े सपने देखो, लक्ष्य जरूर मिलेगा।