मोहल्ला क्लीनिक को बढ़ावा देने के लिए दिल्ली सरकार ने राजधानी के अन्य डॉक्टरों को भी मौका दिया है। सरकार पंजीकृत डॉक्टरों को क्लीनिक से जोड़ना चाहती है। इसीलिए स्वास्थ्य विभाग ने विभिन्न इलाकों के लिए पैनल में जुड़ने के लिए डॉक्टरों को बाकायदा न्यौता भी दिया है। विभागीय आदेश के अनुसार, दिल्ली में पंजीकृत कोई भी एमबीबीएस डॉक्टर इसके लिए आवेदन दे सकता है। उन्हें डिग्री के साथ मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र उपलब्ध कराना होगा।
स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि सरकार के निर्देश पर विभाग ने मोहल्ला क्लीनिक के पैनल पर डॉक्टरों को लेने का फैसला लिया है। हफ्ते में एक दिन बुधवार को ये डॉक्टर दोपहर 2:30 से शाम 5 बजे तक सेवाएं दे सकते हैं। इन डॉक्टरों को प्रति मरीज 40 रुपये के हिसाब से भुगतान किया जाएगा।
एक दिन में कम से कम 75 मरीज देखने अनिवार्य होंगे। उन्होंने बताया कि दिल्ली के अलग-अलग 11 जोन के लिए सूची जारी की गई है। इनके सीएमओ ऑफिस में जाकर आवेदन दिया जा सकता है। हालांकि इसके लिए एमबीबीएस के साथ डॉक्टर का दिल्ली मेडिकल काउंसिल से पंजीयन अनिवार्य है।
दिल्ली में फिलहाल 302 मोहल्ला क्लीनिक चल रहे हैं। सरकार डेढ़ से दो महीने के भीतर इनकी संख्या 500 करने में जुट गई है। विभागीय आंकड़ों की मानें तो अब तक करीब 16 लाख मरीजों का उपचार मोहल्ला क्लीनिकों में हुआ है। एक करोड़ से ज्यादा मरीजों की जांच निशुल्क हो चुकी है।
दावा किया जा रहा है कि देश के अन्य राज्य भी ऐसी पहल अपने यहां करने जा रहे हैं। इनमें हरियाणा और मध्य प्रदेश में काम लगभग शुरू हो चुका है। दिल्ली में मोहल्ला क्लीनिकों की संख्या बढ़ाने के लिए सरकार लोगों से भूमि किराए पर भी ले रही है।
40 वर्गफुट भूमि पर मोहल्ला क्लीनिक संचालित किए जा सकते हैं। अब तक करीब एक दर्जन जमीनें मिल चुकी हैं। बताया जा रहा है कि कुछ लोगों ने मोहल्ला क्लीनिक संचालित करने के लिए सरकार को अपनी भूमि निशुल्क उपलब्ध कराई है।