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एंटीजन किट से हुई जांच पर न करें भरोसा, आरटीपीसीआर में 18 फीसदी संक्रमित मिले

Tue, 21 Jul 2020 05:45 AM IST
Vikas Kumar परीक्षित निर्भय, अमर उजाला, नई दिल्ली
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एंटीजन टेस्टिंंग किट से कोरोना की जांच करवाते बुजुर्ग - फोटो : परीक्षित निर्भय
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कोरोना वायरस के बार-बार चकमा देने के किस्से नए नहीं हैं, लेकिन इसकी पहचान करने वाली हाल ही में आई एंटीजन जांच भी अब धोखे में आ रही है। दिल्ली में पिछले एक महीने के दौरान रोज हजारों लोगों की एंटीजन किट के जरिए जांच की गई, लेकिन इन लोगों में संक्रमण के लक्षण फिर भी थे। जब दोबारा से नमूने लेकर लैब में आरटी पीसीआर जांच की गई, तो कोरोना संक्रमित मिलने का सिलसिला शुरू हुआ। ऐसे मरीजों की संख्या करीब 18 फीसदी के आसपास है।

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दिल्ली स्वास्थ्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के तहत एंटीजन किट के जरिये जांच को गति दी गई। हालांकि दिशा-निर्देश में पहले ही इसका उल्लेख है कि अगर कोई निगेटिव आता है और उसमें लक्षण हैं तो ऐसे व्यक्ति की दोबारा जांच होनी चाहिए। हालांकि यह परिणाम चौंकाने वाले थे, क्योंकि 18 फीसदी नमूने संक्रमित मिले।
बीते माह केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नेतृत्व में दिल्ली और केंद्र ने मिलकर कोरोना की लड़ाई में योगदान दिया। शुरुआत में रोज औसतन आठ हजार नमूनों की जांच हो रही थी, लेकिन एंटीजन किट को आईसीएमआर ने 14 जून को लॉन्च करते हुए दिल्ली में इसके जरिये जांच शुरू की, जिसके चलते दिल्ली में रोज जांच का औसतन 20 हजार नमूनों के पार हो चुका था। सबसे ज्यादा एंटीजन किट का इस्तेमाल ही किया जा रहा था। करीब छह लाख किट दिल्ली को केंद्र से उपलब्ध कराई गईं।
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विभागीय आंकड़ों के अनुसार, पांच दिन पहले तक दिल्ली में 2.18 लाख से अधिक एंटीजन जांच हो चुकी हैं। इनमें से 0.5 फीसदी (1,386) नमूनों की ही दोबारा जांच करने की नौबत आई थी, जबकि इसी दोबारा जांच में 18 फीसदी नमूने संक्रमित मिले हैं। दिल्ली सरकार के अनुसार, 19 जुलाई तक राजधानी में 8,30,459 नमूनों की जांच हो चुकी है, जिनमें से बीते एक दिन में रैपिड एंटीजन किट के जरिए 7,293 नमूनों की जांच हुई है।

दिल्ली सरकार के ही अनुसार, 18 जून से 15 जुलाई के बीच दिल्ली में 2,81,555 एंटीजन जांच की गई हैं, जिनमें से 6.92 फीसदी यानी 19,480 संक्रमित मिले, जबकि 1,365 मरीजों की दोबारा जांच की गई, जिसमें 243 संक्रमित मिले हैं। चूंकि इन नमूनों की आरटी पीसीआर के जरिये जांच हुई थी, इसलिए अगर आरटी पीसीआर जांच का ही गणितीय आधार देखें तो करीब 18 फीसदी नमूने संक्रमित मिले हैं। 

विभाग को दोबारा जांच करानी चाहिए 
डेटा एक्सपर्ट जेम्स विल्सन का मानना है कि दिल्ली के कुछ जिलों में एंटीजन जांच के जरिये संक्रमित मिलने वाले नमूनों की संख्या ज्यादा है। इसके बावजूद विभाग को उक्त जिले में दोबारा जांच जरूर करानी चाहिए, ताकि कोरोना वायरस के धोखे में संक्रमण से चूक न हो सके। उन्होंने ये भी बताया कि दक्षिणी दिल्ली में 16,421 की जांच में 2,137 कोरोना पॉजिटिव 28 दिन में मिले हैं। इसका मतलब यहां पॉजिटिविटी रेट 13.01 फीसदी है। इस स्थिति में यह निगेटिव आने वालों को भी गंभीरता से लेना जरूरी है।

जिला वार एंटीजन जांच की स्थिति
जिला                   एंटीजन जांच                   संक्रमित
दक्षिणी                    16,421                       2137
दक्षिणी पश्चिमी           39,804                      3798
शाहदरा                   28,009                       2571
दक्षिणी पूर्वी               23,221                      2073
पश्चिमी                     27,692                       2048
पूर्वी                         22003                       1289
उत्तरी पश्चिमी            17,604                         930
नई दिल्ली                 23,979                       1127
मध्य                        25561                         1167
उत्तरी पूर्वी                24,929                        1052
उत्तरी                      32,332                        1288
कुल                        281,555                      19,480

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