दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के कांन्ट्रेक्ट कर्मचारियों ने गुरुवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के कौशांबी वाले घर के बाहर हंगामा किया। इन कर्मचारियों की मांग है कि इन्हें स्थायी नौकरी में रखा जाए।
100 से ज्यादा डीएमआरसी के कांन्ट्रेक्ट कर्मचारी घर के बाहर इक्ट्ठा होकर 'ठेकेदारी प्रथा बंद करो' का नारा लगा रहे थे।
दिल्ली मेट्रो रेल कामगार यूनियन के सदस्य नवीन ने बताया कि फिलहाल डीएमआरसी के अंतर्गत 10 हजार से ज्यादा ऐसे कर्मचारी हैं, जो लंबे समय से ठेकेदारी पर काम कर रहे हैं लेकिन उन्हें स्थायी नहीं किया जा रहा है।
उन्होंने प्राइवेट कंपनियों पर आरोप लगाया कि वे लेबर कानून को तोड़ मरोड़ कर हमलोगों से डीएमआरसी के लिए ठेकेदारी पर काम करवा रहे हैं। नवीन ने आगे कहा कि ठेकेदारी में काम कर रहे कर्मचारियों में कई ऐसे हैं, जो 10 साल से ज्यादा समय से काम कर रहे हैं लेकिन इनको परमानेंट नहीं किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि केजरीवाल ने दिल्ली में ठेकेदारी प्रथा बंद करने के लिए कोई वादा नहीं किया है। हम यहां दिल्ली के मुख्यमंत्री के सामने अपनी मांगे रखने आए हैं।