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ग्रामीणों संग वार्ता विफल, डीएम पर अपमानित करने का आरोप

Wed, 27 Jun 2018 11:49 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
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ग्रेटर नोएडा के खोदना खुर्द में डंपिंग ग्राउंड बनाने का विरोध करते ग्रामीण - फोटो : अमर उजाला
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खोदना खुर्द में डंपिंग ग्राउंड को लेकर जिला प्रशासन और ग्रामीणों के बीच तकरार बढ़ती जा रही है। मंगलवार को ग्रामीणों ने जिलाधिकारी पर वार्ता के लिए बुलाकर अपमानित करने का आरोप लगाया है। किसान सेवा (संघर्ष) समिति ने 30 जून को जिलाधिकारी का घेराव करने का ऐलान कर दिया है।

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मंगलवार को भी खोदना खुर्द में डंपिंग ग्राउंड का विरोध जारी रहा। सैकड़ों ग्रामीण धरना स्थल पर पहुंचे और पंचायत की। पंचायत में डंपिंग ग्राउंड नहीं बनने देने और तब तक धरना जारी रखने का फैसला लिया गया। दोपहर में एसडीएम दादरी धरना स्थल पर पहुंचे और डीएम के साथ वार्ता का प्रस्ताव रखा जिसे ग्रामीणों ने स्वीकार कर लिया।

दोपहर दो बजे वार्ता के लिए शहर के सम्मानित लोगों के साथ ग्रामीण कलेक्ट्रेट पहुंचे। आरोप है कि ग्रामीणों के साथ जिलाधिकारी का व्यवहार अच्छा नहीं रहा। डीएम ने युवाओं को वार्ता के लिए बुलाने की बात की। डीएम के इस रवैये से ग्रामीणों में आक्रोश भर गया और वार्ता का बहिष्कार कर वहां से चले गए।
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धरना स्थल पर जाकर जिलाधिकारी बीएन सिंह के खिलाफ निंदा का प्रस्ताव पारित किया। पूर्व चेयरमैन बिजेंद्र भाटी ने कहा कि जिलाधिकारी ने क्षेत्र के लोगों के साथ जो व्यवहार किया है, वह निदंनीय है। रूपेश वर्मा ने कहा कि प्रशासन की गलत बात, गलत व्यवहार का को बर्दास्त नहीं किया जाएगा। किसी भी हालत में डंपिंग ग्राउंड बनने नहीं दिया जाएगा।

गांव-गांव से मिल रहा है समर्थन
डंपिंग ग्राउंड के विरोध में धरने को विभिन्न संगठनों ने समर्थन दिया। वहीं धरनारत कमेटी के प्रतिनिधिमंडल ने आसपास के गांवों में जागरूकता अभियान जारी रखा। अखिल भारतीय गुर्जर परिषद् के प्रदेश अध्यक्ष रविन्द्र भाटी ने बताया कि श्योरजपुर,  खेड़ी, भनौता आदि गांव में पंचायत कर लोगों को जागरूक किया गया। प्राधिकरण व प्रशासन की की तानाशही को बर्दास्त नहीं किया जाएगा। पंचायत के दौरान ग्रामीणों ने आंदोलन में शामिल होने का आश्वासन दिया है। धरना स्थल पर महेश भाटी, हरेंद्र खारी, अशोक, वीर सिंह नागर, प्रमोद, जगबीर नंबरदार, सत्येंद्र खेड़ी, मुनेंद्र, हैप्पी  पंडित, सुखबीर आर्य, धर्मपाल प्रधान समेत सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।

30 जून को जिलाधिकारी का घेराव
जिलाधिकारी के व्यवहार से किसानों में काफी रोष है। किसान सेवा (संघर्ष) समिति ने बैठक कर डीएम के रवैये की कड़ी निंदा की है। समिति के प्रतिनिधि रमेश रावन ने कहा कि क्षेत्र के प्रतिनिधियों के साथ यह रवैया तानाशाही जैसा है। एक तरफ जिलाधिकारी नोएडा के कचरा को ग्रेनो के गांवों में डालने का प्रयास कर रहे है। वहीं दूसरी तरफ आम जनता के साथ ऐसा व्यवहार कर रहे है। समिति ने 30 जून को जिलाधिकारी कार्यालय का घेराव करने का फैसला लिया है। सैकड़ों किसान घेराव करने पहुंचेंगे।

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