केंद्र सरकार क्रोनिक किडनी मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए डायलिसिस की सुविधा दिलाने पर जोर दे रही है। वहीं, देश की राजधानी के हालात है कि यहां महज आठ अस्पतालों में ही डायलिसिस की सुविधा उपलब्ध है। इन अस्पतालों में करीब 120 डायलिसिस मशीनें हैं, जिनमें से कुछ काम नहीं कर रही हैं।
दिल्ली भाजपा के प्रवक्ता हरीश खुराना को एक आरटीआई में मिले जवाब के अनुसार आठ अस्पतालों में पीपीपी मॉड के तहत डायलिसिस मशीनें मौजूद हैं जिनकी संख्या 120 है। लोकनायक अस्पताल में 10, राजीव गांधी सुपर स्पेशिएलिटी में 30, डॉ. हेडगेवार में 20, डीडीयू में पांच, महर्षि वाल्मीकि अस्पताल और मदन मोहन मालवीय अस्पताल में 10-10, भगवान महावीर अस्पताल 25 व दीप चंद बंधु अस्पताल में 10 मशीनें हैं।
इनमें से महावीर अस्पताल में करीब पांच मशीनें ठीक नहीं हैं। वहीं एक अन्य आरटीआई में दिल्ली स्वास्थ्य विभाग ने जानकारी दी है कि राजधानी के सरकारी अस्पतालों में 518 वेंटिलेटर हैं जिनमें से 127 का इस्तेमाल नहीं किया जा रहा है।