हिंसा में उपद्रवियों की गोली ने 15 साल के किशोर की जान ले ली। पुलिस ने उसे जख्मी हालत में पुलिस ने बुधवार शाम अस्पताल में भर्ती करवाया था। इलाज के दौरान बृहस्पतिवार सुबह तीन बजे उसकी मौत हो गई।
वह अपने परिवार के साथ उत्तरपूर्वी दिल्ली के गोकुलपुरी में रहता था और उसके पिता रिक्शा चलाते हैं। उसके पिता सोगारथ शनिवार को अपने बेटे का शव लेने जीटीबी अस्पताल पहुंचे थे तो रो-रो कर उनका बुरा हाल था।
सोगारथ ने बताया कि बुधवार की शाम तीन बजे छोटा बेटा नितिन घर का कुछ सामान लेने दुकान पर गया था। अचानक कुछ उपद्रवी आए और उन्होंने उसके सिर में गोली मार दी। सिर में गोली लगने से वह गिर गया।
उसे पुलिस के जवानों ने जीटीबी अस्पताल में भर्ती करवाया। वहां उसका इलाज चल रहा था। इसी दौरान तड़के तीन बजे उसकी मौत हो गई। वह गोकुलपुरी के सरकारी विद्यालय में आठवीं का छात्र था। वह भाई-बहनों में सबसे छोटा था। हिंसा में जान गवाने वालों में वह सबसे छोटा बताया जा रहा है।