बरामद फोन, कार और हथियार
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दो अलग-अलग नेटवर्क के जरिए रची जा रही थी साजिश
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपी दो बेहद खतरनाक और अलग-अलग नेटवर्क के माध्यम से अपनी गतिविधियों को अंजाम दे रहे थे।
पहला मॉड्यूल: इसका सीधा संबंध आतंकी गतिविधियों और देश विरोधी साजिशों से था, जो किसी बड़ी अप्रिय घटना को अंजाम देने की फिराक में था।
दूसरा मॉड्यूल: यह पूरी तरह से अवैध हथियारों की तस्करी (आर्म्स स्मगलिंग) में लिप्त था, जो अपराधियों और गैंगस्टरों को हथियारों की सप्लाई करता था।
अंतरराज्यीय संबंधों की आशंका
प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि यह पूरा नेटवर्क बेहद संगठित तरीके से काम कर रहा था। पुलिस को शक है कि इस नेटवर्क के तार देश के कई अन्य राज्यों से भी जुड़े हुए हैं। पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे होने की उम्मीद है।
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल अब इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही है कि इन पेट्रोल बमों और हथियारों का इस्तेमाल कहां और किस बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए किया जाना था। फिलहाल, मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अन्य संभावित ठिकानों पर भी छापेमारी कर रही है और विस्तृत रिपोर्ट का इंतजार है।