एक तरफ जहां दिल्ली पुलिस के कुछ पुलिसकर्मी भ्रष्टाचार में शामिल होकर दिल्ली पुलिस की वर्दी पर दाग लगा रहे है, वहीं दिल्ली ट्रैफिक पुलिस में तैनात सब-इंस्पेक्टर (एसआई) ने इस दाग को धोने की कोशिश की है। एसआई रोहताश ने रिश्वत दे रहे एक व्यावसायिक वाहन चालक को न केवल पकड़वाया, जबकि उसके खिलाफ बीएनएस की धाराओं में एफआईआर भी दर्ज कराई है।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी मोहम्मद असद (24) पुलिसकर्मी की घड़ी में लगे स्पाई कैमरे से व स्पीकर से रिकार्डिंग कर एसआई से दो लाख रुपये की उगाही करना चाहता था। आरोपी के व्यावसायिक ईको कार के खिलाफ 35 से ज्यादा चालान पेंडिंग हैं। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि ट्रैफिक पुलिस के तिलक मार्ग सकल में तैनात एसआई रोहताश शनिवार सुबह मंडी हाउस सर्किल में ड्यूटी कर रहे थे। तभी वहां से गुजर रही ईको कार को रोका।
कार को पूर्वी दिल्ली के कृष्ण नगर निवासी मोहम्मद असद चला रहा था। एसआई रोहताश ने उससे गाड़ी के कागजात व नो इंट्री परमिशन मांगी तो आरोपी पुलिस अधिकारी को रिश्वत देने लगा। उसके पास कुछ भी कागजात नहीं थे। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, एसआई ने रिश्वत लेने से साफ इंकार दिया।
इस दौरान आरोपी गाड़ी के पीछे जाकर हाथ में पहनी हुई घड़ी के साथ छेड़छाड़ कर रहा था। वह बोल रहा था कि अभी पुलिसकर्मी रिश्वत मांगेगा और रिश्वत लेगा। आरोपी के बार-बार कहने पर एसआई ने पैसे नहीं लिए। इसके बाद एसआई उसे तिलक मार्ग थाने ले जाने लगे तो वह एसआई को रिकार्डिंग होने की धमकी देने लगा।
आरोपी ने दो लाख रुपये मांगे
इस दौरान आरोपी मोहम्मद असद ने एसआई रोहताश से कहा कि उसकी रिकार्डिंग हो गई है। इस रिकार्डिंग को डिलीट करने की एवज में उसने दो लाख रुपये मांगे। इसके बाद एसआई ने उसके खिलाफ तिलक मार्ग थाने में शिकायत दी। तिलक मार्ग थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर उसकी गाड़ी को जब्त कर लिया गया। आरोपी मोहम्मद असद को बाउन-डाउन किया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी की घड़ी में स्पाई कैमरा व स्पीकर लगा था। माना जा रहा है कि वह पहले भी उगाही कर चुका है।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने पुलिसकर्मियों ने उगाही करने वाले आरोपियों के खिलाफ अभियान चला रखा है। इस बात की जांच की जा रही है कि आरोपी किसी उगाही करने वाले गिरोह का सदस्य तो नहीं है।
-नीरज ठाकुर, विशेष पुलिस आयुक्त (ट्रैफिक), दिल्ली पुलिस