पंजाब, हरियाणा में पराली जलाए जाने के कारण दिल्ली की हवा खराब हो गई है। रविवार को वायु गुणवत्ता खराब श्रेणी में दर्ज की गई। दिल्ली में सुबह दस बजे तक वायु गुणवत्ता सूचकांक एक्यूआई 218 रहा। जहांगीर पुरी में प्रदूषण का स्तर सबसे अधिक रहा, यहां वायु गुणवत्ता सूचकांक एक्यूआई 283 रहा।
दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति(डीपीसीसी) के आंकड़ों के अनुसार दिल्ली में पटपडग़ंज और रोहिणी सहित कई स्थानों पर हवा खराब श्रेणी में रही। आईटीओं में वायु गुणवत्ता सूचकांक 264 दर्ज किया गया। पटपडग़ंज में 228, आरके पुरम में 235 और रोहिणी में 246, रहा।
इससे पहले शनिवार को 24 घंटे का औसत एक्यूआई 221 रहा था। वायुमंडल में प्रदूषक तत्वों के बढने से प्रदूषण का स्तर बढ़ रहा है। हालांकि कुछ दिनों में इसमें मामूली सुधार की
संभावना जताई जा रही है। 0.50 के बीच केवायु गुणवत्ता सूचकांक को अच्छा माना जाता है, 51-100 को संतोषजनक, 101-200 को मध्यम, 201-300 को सामान्य, 301-400 को बहुत खराब और 401-500 को गंभीर माना जाता है।
रविवार को हवा खराब होने पर लोगों ने भी सांस लेने में समस्याओं का सामना किया। सुबह की सैर पर निकले लोगों को भी हवा खराब होने के कारण दिक्कत हुई। उल्लेखनीय है कि पराली जलाने के कारण दिल्ली-एनसीआर में हर साल सर्दियों के मौसम में प्रदूषण का स्तर बढ़ जाता है।