क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, कॉकरोच जनता पार्टी की ओर से जंतर-मंतर पर एक विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया गया था, जिसके लिए कोई पूर्व अनुमति नहीं ली गई थी। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियातन कदम उठाते हुए पुलिस ने अभिजीत दिपके को हिरासत में ले लिया था। वहीं दिन के समय जब प्रदर्शन की प्रक्रिया चल रही थी, तभी अभिजीत दीपके की दादी के निधन की बेहद दुखद खबर सामने आई।
पुलिस ने दिखाई संवेदनशीलता
दिल्ली पुलिस ने इस संवेदनशील स्थिति को पूरी जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ संभाला। दुखद खबर मिलते ही पुलिस अधिकारियों ने तुरंत पूरी नरमी और गरिमा के साथ यह सूचना अभिजीत दिपके तक पहुंचाई। साथ ही, उन्हें अंतिम संस्कार के संभावित समय की भी जानकारी दी गई।
मानवीय आधार पर यात्रा में मदद का प्रस्ताव
दुख के इस पल में पुलिस ने इंसानियत का परिचय दिया। पुलिस प्रशासन ने अभिजीत दिपके को उनके गांव जाने के लिए यात्रा और अन्य व्यवस्थाओं में हरसंभव सहायता व सुविधा प्रदान करने का प्रस्ताव दिया।