दिल्ली के सिविल लाइंस थाने में मंगलवार तड़के दिल्ली पुलिस के एएसआई ने खुद को गोली मारकर खुदकुशी कर ली। आधी रात को थाने में गोली चलने की आवाज आई तो स्टाफ दौड़ता हुआ बैरक में पहुंचा। वहां खून से लथपथ एएसआई की लाश पड़ी थी। फौरन वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को खबर दी गई।
जिला के सीनियर अधिकारी भी थाने पहुंच गई। मृतक की शिनाख्त विजय कुमार (52) के रूप में हुई है। विजय सिविल लाइंस थाने में सरकारी संपत्ति के मालखाना इंचार्ज थे। मामले की सूचना क्राइम टीम के अलावा एफएसएल को दी गई। टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए। बाद में विजय कुमार का शव कब्जे में लेकर मोर्चरी भेजा गया।
पुलिस ने उनके परिवार को खबर दे दी है। परिजनों के दिल्ली आने पर बुधवार को शव का पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। पुलिस को मृतक के पास से फिलहाल कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। मोबाइल फोन कब्जे में लेकर जांच की जा रही है। शुरुआती जांच के बाद घरेलू कलह में विजय के यह कदम उठाने की आशंका जताई जा रही है।
उत्तरी जिला पुलिस उपायुक्त मनोज कुमार मीना ने बताया कि विजय कुमार मूलरूप से हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा के रहने वाले थे। इनके परिवार में पत्नी के अलावा एक बेटा व बेटी है। वर्ष 1994 में विजय दिल्ली पुलिस में सिपाही भर्ती हुए थे। पदोन्न्ती पाकर वह फिलहाल सहायक उप-निरीक्षक के पद पर थाने में तैनात थे।
थाने में उनको सरकारी मालखाना के इंचार्ज की जिम्मेदारी दी हुई थी। ड्यूटी के बाद विजय थाने में मौजूद अपने बैरक में जाकर सो जाते थे। सोमवार रात को ड्यूटी खत्म कर वह अपने बैरक में आ गए थे। इस बीच रात करीब 3.15 बजे उन्होने अपने कमरे में सर्विस पिस्टल से खुद को गोली मारकर खुदकुशी कर ली।
थाने के स्टाफ को यकीन नहीं हुआ कि विजय ऐसा कदम उठा सकते हैं। पुलिस उनके साथियों के भी बयान दर्ज कर रही है। परिजनों के आने के बाद आत्महत्या की वजहों का पता चल पाएगा। पुलिस ने सर्विस पिस्टल को कब्जे में लेकर एफएसएल की जांच के लिए भेज दिया है। पुलिस थाने की सीसीटीवी से जांच कर रही है।