तापमान में मामूली गिरावट हुई है और दिल्ली-एनसीआर की हवा में पर्टिकुलेट मैटर में बढ़ोतरी होने लगी है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के मुताबिक यूपी के गाजियाबाद को छोड़कर दिल्ली समेत एनसीआर के शहरों की वायु गुणवत्ता खराब से बहुत खराब की श्रेणी में बनी हुई है। वहीं, सिस्टम ऑफ एयर क्वालिटी एंड वेदर फोरकास्टिंग एंड रिसर्च (सफर) के मुताबिक अगले दो से तीन दिन मौसम भी हवा की गुणवत्ता के विपरीत रहेगा। ऐसे में वायु प्रदूषण की यह स्थिति बरकरार रह सकती है। सफर के मुताबिक सोमवार को तापमान में हल्की गिरावट, सतह पर हवा की गति मंद होने और आद्रता बढ़ने के कारण हवा की गुणवत्ता बहुत खराब श्रेणी में पहुंची है।
गाजियाबाद सर्वाधिक प्रदूषित
सीपीसीबी के मुताबिक 24 घंटे के आधार पर शाम 4 बजे तक दर्ज की गई वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) के मुताबिक दिल्ली का एक्यूआई सोमवार को बहुत खराब श्रेणी में 336 रिकॉर्ड किया गया। वहीं, यूपी में नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद का एक्यूआई क्रमश: 356, 361, 401 रिकॉर्ड किया गया। इसी तरह हरियाणा में फरीदाबाद और गुरुग्राम की हवा गुणवत्ता क्रमश: 309 और 256 रिकॉर्ड किया गया। इन शहरों में गाजियाबाद सर्वाधिक प्रदूषित रहा।
पीएम कणों में बढ़ोतरी
सीपीसीबी की ओर से पर्टिकुलेट मैटर पर निगरानी रखने वाले केंद्रीय नियंत्रण कक्ष (सीसीआर) के मुताबिक दिल्ली-एनसीआर की हवा में मौजूद पर्टिकुलेट मैटर (पीएम) 2.5 का स्तर सामान्य से करीब तीन गुना गुना ज्यादा 196 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रिकॉर्ड किया गया। पीएम 2.5 का सामान्य औसत मानक 60 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर होता है। इसी तरह मोटे प्रदूषण कण पीएम 10 का स्तर करीब चार गुना ज्यादा 353 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रिकॉर्ड हुआ, जबकि इसका औसत सामान्य मानक 100 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर है।