दिल्ली मेट्रो के यात्रियों के लिए वर्ष 2018 का आखिरी दिन परेशानी भरा रहा। रेड लाईन पर ट्रेनों की धीमी रफ्तार और मजेंटा लाईन पर ट्रेन में तकनीकी खराबी ने यात्रियों को बेहाल कर दिया। इतना ही नहीं पीक आवर्स में ब्लू लाईन पर भी यमुना बैंक और वैशाली के बीच ट्रेनों की रफ्तार धीमी होने की शिकायतें मिलीं।
सोमवार को सुबह 9 बजे के करीब रेड लाईन पर ट्रेन की रफ्तार धीमी होने से पीक आवर्र्स में यात्रियों ने फंसने की शिकयतें कीं। इस बीच यात्रियों ने डीएमआरसी पर नाराजगी जताते हुए ट्वीट भी किए। हालांकि इस बीच डीएमआरसी द्वारा ट्रेनों में लाईन पर मेंटिनेंस वर्क के चलते यात्री में विलंब की उद्घोषणाएं की थीं।
वहीं, पीक आवर्स में ही मजेंटा लाईन पर तकनीकी खराबी के कारण एक ट्रेन अचानक रुक गई। इसके बाद ट्रेन आगे नहीं बढ़ सकी। तकनीकी खराबी के कारण फंसी ट्रेन के पीछे से आने वाले ट्रेनों की लाईनें लग गयीं। यह घटना ग्रेटर कैलाश से वेस्ट जनकनपुरी के सेक्शन पर हुई, जिसके बाद ट्रेन को जनकपुरी वेस्ट पहुंचाने के बाद ट्रैक से उतारे जाने की खबर है। इस बीच यात्रियों का कहना था कि मजेंटा लाईन अभी नई है, इसके बावजूद इसपर ट्रेन का खराब होना यात्रियों के लिए बड़ी परेशानी विषय है।
इसके साथ ही सुबह के वक्त पीक आवर्स में कुछ यात्रियों ने ट्वीट करके शिकायत की कि ब्लू लाईन पर यमुना बैंक और वैशाली के बीच ट्रेनों को बहुत धीमी गति में चलाया गया और स्टेशनों पर निर्धारित समय से ज्यादा देरी के लिए रोका गया, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी उठानी पड़ी।
मेट्रो में पहला कोच हुआ महिलाओं के लिए आरक्षित
डीएमआरसी ने जानकारी दी है कि एक जनवरी से दिल्ली मेट्रो की रेड लाईन को छोड़कर बाकि सभी लाईनों पर ट्रेन का पहला कोच महिलाओं के लिए आरक्षित होगा। हालांकि रेड लाईन पर दिलशाद गार्डन-न्यू बस अड्डे के बीच का सेक्शन खुलने के बाद इस लाईन पर भी महिलाओं के लिए आरक्षित कोच को सुनिश्चित कर दिया जाएगा। डीएमआरसी की कहना है कि इससे पहले कुछ लाईनों पर ट्रेन का पिछला डिब्बा और कुछ लाईन पर ट्रेनों को पहला डिब्बा महिलाओं के लिए आरक्षित था, लेकिन अब एक जनवरी से रेड लाईन के अलावा सभी लाईनों में पहला डिब्बा ही महिलाओं के लिए आरक्षित होगा।