मृतका प्रियंका(फाइल फोटो)
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दक्षिण जिला पुलिस उपायुक्त अतुल कुमार ठाकुर ने बताया कि 9 फरवरी को प्रियंका के मामा खेमचंद ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट आंबेडकर नगर थाने में दर्ज कराई थी। खेमचंद ने बताया कि उनकी भांजी मदनगीर स्थित फ्लैट से गायब है। खेमचंद ने हीरा पर शक जताया।
हीरा मैक्स अस्पताल व प्रियंका रोहिणी के एक निजी अस्पताल में फॉर्मासिस्ट की नौकरी करते थे। पुलिस ने मामले की छानबीन शुरू की। इस बीच 18 फरवरी को कृपाल सिंह नामक प्रियंका के चाचा ने दोबारा उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराकर हीरा पर कार्रवाई की मांग की।
पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर हीरा की तलाश शुरू की, लेकिन न तो हीरा और न ही प्रियंका का कोई पता चला। इस बीच प्रियंका के मामा को पता चला कि रामपुर में यूपी पुलिस को छह फरवरी को प्रियंका से मिलती-जुलती डेडबॉडी मिली है। पुलिस परिजनों को लेकर रामपुर पहुंची तो फोटो से शव की पहचान हो गई।
यूपी पुलिस को सड़क पर पड़ा शव मिला था, शव का चेहरा बुरी तरह कुचला हुआ था। काफी तलाश करने के बाद यूपी पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर करीब 15 दिन बाद प्रियंका का अंतिम संस्कार कर दिया। रामपुर में लूटपाट और सुबूत मिटाने का मामला दर्ज था।
दिल्ली पुलिस लगातार हीरा की तलाश करती रही। इस बीच एक सूचना के बाद पुलिस ने सोमवार को आरोपी हीरा को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या की बात कबूल कर ली। उसने बताया कि हत्या करने के बाद वह दिल्ली, हरियाणा और यूपी में अलग-अलग स्थान पर छिपता रहा। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है।
आरोपी हीरा ने बताया कि प्रियंका उसके गांव के पास की ही रहने वाली थी। प्रियंका उसके जीजा के कजिन की बेटी थी। दोनों ने एक साथ फॉर्मासिस्ट का कोर्स किया था। इसके बाद दोनों दिल्ली के बड़े-बड़े अस्पतालों में नौकरी करने लगे।
2017 से दोनों की दोस्ती प्यार में बदली। प्रियंका अपनी दोस्त के साथ किराए के फ्लैट में मदनगीर में रहती थी, जहां हीरा अक्सर आता था। दोनों शादी भी करना चाहते थे, लेकिन उनके परिजन तैयार नहीं थे।
हीरा की शादी की बात कहीं और चली तो प्रियंका और हीरा के बीच विवाद होने लगा। हीरा प्रियंका से दूरी बनाना चाहता था। लेकिन प्रियंका इसके लिए तैयार नहीं थी। पांच फरवरी को हीरा प्रियंका को एक फोन देने मदनगीर पहुंचा तो प्रियंका उससे झगड़ा करने लगी।
शादी की बात कर हीरा प्रियंका को लेकर आनंद विहार पहुंचा और रामपुर जाने के लिए बस में सवार हो गए। तड़के छह फरवरी को दोनों अंधेरे में बस से उतरे। वहीं सुनसान जगह पर आरोपी ने प्रियंका की ईंट से वारकर हत्या कर दी।
चेहरा बुरी तरह कुचलने के बाद उसके पर्स का सारा सामान (पैन, आधार, एटीएम व अन्य सामान) उसने जला दिया। बाद में शव को वहीं फेंककर वह भाग गया।