इसके माध्यम से उपराज्यपाल ने कहा था कि मुख्यमंत्री कार्यालय से उनके अनुमोदन के लिए या मेरी राय के लिए संविधान के अनुच्छेद 239एए (4) के तहत संयुक्त सचिव द्वारा बड़ी संख्या में प्रस्ताव प्रस्तुत किए गए हैं। यह तभी संभव है जब मंत्री दौरे पर हो या अस्वस्थ्य हो। इस स्थिति में स्वीकृति आवश्यक हो तो टेलीफोन पर लिया जाएगा। मंत्री के निर्णय को उनके निजी सचिव द्वारा लिखित में सूचित किया जाएगा।
उपराज्यपाल ने अपने पत्र में जिक्र किया था कि प्रभावी शासन के लिए मुख्यमंत्री कार्यालय यह सुनिश्चित करें कि उनकी राय या अनुमोदन के लिए भेजी गई हर फाइल विधिवत हस्ताक्षरित होना चाहिए। साथ ही सुझाव भी दिया कि जल्द से जल्द ई-ऑफिस प्रणाली शुरू करने पर विचार मुख्यमंत्री कार्यालय करें। ताकि फाइलों की निर्बाध आवाजाही संभव हो सके। ई-ऑफिस प्रणालीए अधिकांश सरकारी कार्यालयों में प्रभावी है।