डूसू चुनाव परिणाम बरकरार रहेंगे, न्यायमूर्ति सौरभ बनर्जी की एकल पीठ ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि प्रस्तुत साक्ष्य पर्याप्त नहीं
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) चुनाव 2026 के परिणामों को चुनौती देने वाली एनएसयूआई उम्मीदवार विजय शंकर मीणा की याचिका को बुधवार को खारिज कर दी। न्यायमूर्ति सौरभ बनर्जी की एकल पीठ ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि प्रस्तुत साक्ष्य पर्याप्त नहीं हैं। याचिका में मीणा ने आरोप लगाया था कि कॉलेज के प्रोफेसरों, प्रशासकों और चुनाव अधिकारियों द्वारा पक्षपात और अनियमितताएं बरती गईं। उन्होंने इसके समर्थन में तस्वीरें और वीडियो भी पेश किए थे। कोर्ट ने पाया कि इनमें से कुछ सामग्री एआई-जनित लगती है तथा उनमें तारीख-समय का स्पष्ट प्रमाण नहीं है। साथ ही, चुनाव के बाद की जश्न संबंधी घटनाओं को लिंगडोह कमेटी के दिशा निर्देशों के तहत पक्षपात नहीं माना जा सकता। अदालत ने याचिका खारिज करते हुए दिल्ली विश्वविद्यालय को निर्देश दिया कि मीणा द्वारा चुनाव संबंधी शिकायतों पर दी गई प्रस्तुति पर शीघ्र निर्णय लिया जाए। याद रहे कि 19 सितंबर को घोषित डूसू चुनाव परिणामों में एबीवीपी के उम्मीदवारों ने अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और सचिव समेत प्रमुख पद जीते थे। एनएसयूआई उम्मीदवार ने चुनाव परिणाम घोषित होने के कुछ दिन बाद हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।