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दिल्ली सरकार बढ़ाएगी सड़क पर नियम तोड़ने का जुर्माना

Tue, 13 Dec 2016 12:21 AM IST
अखिलेश कुमार/अमर उजाला, नई दिल्ली
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- फोटो : AmarUjala
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दिल्ली में यातायात नियम तोडने वालों को तुरंत भुगतान पर मिलने वाली छूट खत्म होगी। हेलमेट नहीं लगाना, तीन यात्रियों दुपहिया पर बैठाना, बिना नंबर प्लेट वाहन, वाहन चलाते समय मोबाइल पर बात करते पकड़े जाने पर पूरे 100 रुपये चुकाने होंगे।
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बिना ड्राइविंग लाइसेंस या 18 साल के नीचे के युवक के वाहन चलाते पकड़े जाने, रेस लगाने की होड़ में 500 रुपये चुकाने होंगे। अभी तक इसमें मौके पर जुर्माना चुकाने की दशा में 450 रुपये चुकाने की छूट थी।

सूत्रों के अनुसार दिल्ली ट्रैफिक पुलिस को न्यायालय ने एक मामले में निर्धारित जुर्माना राशि से अधिक चालान वसूलने पर फटकार लगाई थी। 11 नवंबर, 2008 की अधिसूचना में खतरनाक ड्राइविंग, बिना बीमा वाहन चलाने, प्रदूषण नियम तोडने पर 900 रुपये जुर्माना लगाने का प्रावधान था।
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छोटे चालान में कानून से अधिक वसूला जा रहा है जुर्माना

रोड - फोटो : अमर उजाला
​इसी तरह से तमाम छोटे उल्लंघन में 900 रुपये जिसकी वजह से सड़क पर खुले पैसे की भी दिक्कत होती थी। यही वजह है कि ट्रैफिक पुलिस ने इस 10 फीसदी छूट को खत्म करने की सिफारिश की थी।

सूत्र बताते हैं कि जुर्माना बढ़ाने का फाइनल प्रस्ताव तैयार है। कानून विभाग ने मंजूरी दे दी है। अब उपराज्यपाल से मंजूरी मिलने के साथ नया जुर्माना लागू हो जाएगा। परमिट शर्तों का उल्लंघन करने पर अभी 4500 जुर्माना अधिकतम वसूले जाने का प्रावधान है जिसे अब 5000 रुपये करने का प्रस्ताव है। इसी तरह से ओवरलोडिंग में 2000 रुपये और प्रतिटन 1000 रुपये जुर्माना चुकाना पड़ेगा।

छोटे चालान में कानून से अधिक वसूला जा रहा है जुर्माना
दिल्ली सरकार के अधिकारी बताते हैं कि 11 नवंबर, 2008 की अधिसूचना के अनुसार बिना हेलमेट, लालबत्ती जम्प करना, लालबत्ती में बायें या दायें मुडना, ट्रिपल राइडिंग जैसे अपराध में 90 रुपये जुर्माना मौकेपर भुगतान का प्रावधान है लेकिन अभी 100 रुपये लिए जाते हैं। ऐसा नहीं है कि ट्रैफिक पुलिस कर्मी या परिवहन विभाग प्रवर्तन अधिकारी अधिक वसूली गई राशि अपनी जेब में रखते हैं बल्कि इसे सरकारी खजाने में जमा भी कराते हैं। ये मामला जब कोर्ट में पहुंचा तब अधिसूचना में बदलाव करके इसे 10 फीसदी बढ़ाए जाने का प्रस्ताव किया गया है। बातते चलें कि सालाना करीब 40-45 लाख चालान सड़क पर अकेले ट्रैफिक पुलिस करती है। इसमें बड़ी संख्या मौकेपर चालान भुगतान करने वालों की है।
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