उतरेगा इलेक्ट्रिक बसों का बेड़ा
31 मार्च के बाद दिल्ली के पेट्रोल पंपों पर 15 साल से अधिक पुराने वाहनों को ईंधन नहीं दिया जाएगा। यानी पुराने वाहनों को पेट्रोल देना सरकार बंद कर देगी। इसके लिए एक विशेष टीम का गठन किया जाएगा, जो ऐसे वाहनों की पहचान करेगी। इसके साथ ही दिल्ली में करीब 90 प्रतिशत सार्वजनिक सीएनजी बसों को दिसंबर तक चरणबद्ध तरीके से हटा दिया जाएगा। इसकी जगह इलेक्ट्रिक बसों का बेड़ा उतारा जाएगा।
मनजिंदर सिंह सिरसा ने बताया कि दिल्ली में तीन विषय है एक प्रदूषण जो डस्ट प्रदूषण है, एक व्हीकल प्रदूषण है, एक कंस्ट्रक्शन प्रदूषण है। इन तीनों विषय पर एक साथ काम चलेगी। दिल्ली सरकार ने कूड़े पहाड़ को खत्म करने का निर्णय लिया है। सिरसा ने कहा है कि एक से डेढ़ साल के भीतर कूड़े के पहाड़ साइट्स को खत्म कर देंगे। पिछली सरकार ने प्रदूषण को कम करने के लिए कोई भी कम नहीं उठाया। केंद्र सरकार की तरफ से जो भी फंड दिया गया उनका भी इस्तेमाल नहीं किया गया था। एक टीम का गठन होगा, जो 15 साल पुराने वाहनों की पहचान करेगी।