हालांकि दिल्ली सरकार के स्वास्थ्य विभाग ने संशोधित चेतावनी की सराहना भी की है। लेकिन विभाग का कहना है कि बीड़ी सिगरेट का असर जल्दी स्वास्थ्य पर पड़ता है। इसलिए वैद्यानिक चेतावनी में जल्दी शब्द लिखा होना चाहिए।
विभाग के अतिरिक्त निदेशक डॉ. एसके अरोड़ा ने बताया कि धुम्रपान और तंबाकू सेवन करने वालो लोगों को मौत का जोखिम अधिक हो जाता है। अधिकारी के मुताबिक एक सामान्य शख्स के मुकाबले धुम्रपान करने वाले शख्स की उम्र कम से कम 10 वर्ष घट जाती है। इसलिए उन्होंने पिछले दिनों पत्र लिख जल्दी शब्द को वैद्यानिक चेतावनी के साथ जोडने की अपील की है।