श्वेता मौसी के पास ही रहकर पढ़ी थी। उसने इसी साल 12वीं पास की थी। शनिवार सुबह सविता भीख मांगने निकल गई। इस बीच शाम को जब वह वापस लौटी तो उसने देखा कि घर पर ताला लगा हुआ था। सविता ने सोचा कि उसका पति कहीं चला गया।
रात को भी जब वापस नहीं लौटा तो सविता पास में ही एक रिश्तेदार के घर पर जाकर सो गई। सुबह वह घर पहुंची तो ताला लगा हुआ था। सविता ने पड़ोसी की मदद से ताला तुड़वा दिया।
घर में अंदर दाखिल होने पर उसे दुर्गंध आई। अंदर कमरे में बदबू और तेज हो गई। सविता ने बेड से आ रही दुर्गंध को देखने के लिए जैसे ही उसे खोला, उसके होश उड़ गए। अंदर श्वेता का शव था। उसका चेहरा काला पड़ा था। गर्दन पर भी चोट के निशान थे।
मामले की छानबीन कर रहे एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि श्वेता का शव देखने में दो दिन पुराना लग रहा है। पड़ोसियों ने शनिवार शाम 5 बजे आखिरी बार वकील को घर से निकलते हुए देखा था।