दरियागंज हिंसा मामले में आरोपी पिंजरा तोड़ संगठन की सदस्य एवं जेएनयू की छात्रा देवांगना कलीता को कोर्ट ने मंगलवार को जमानत प्रदान कर दी। देवांगना पर पिछले साल दिसंबर और इस साल फरवरी में दिल्ली में हुए दंगों से जुड़े तीन मामले दर्ज हैं। सीएए और एनआरसी के विरोध में दरियागंज हिंसा मामले में पुलिस ने रविवार को देवांगना को गिरफ्तार किया था।
तीस हजारी अदालत के महानगर दंडाधिकारी अभिवन पांडेय ने जमानत याचिका पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सुनवाई करते हुए देवांगना कलीता को 30 हजार रुपए के निजी मुचलके व दो जमानती मुचलकों पर जमानत प्रदान की। कोर्ट ने कलीता को जांच में सहयोग करने और पासपोर्ट जमा कराने का निर्देश दिया।
उल्लेखनीय है कि पिछले साल दिसंबर में दरियागंज इलाके में सीएए और एनआरसी के विरोध में हुई हिंसा के दौरान एक कार को आग लगा दी गई थी। इसके साथ ही पथराव भी हुआ था। पुलिस का आरोप है कि इस घटना में भी कलीता की भूमिका थी। उस पर उत्तर पूर्वी जिले में हुई हिंसा को लेकर जाफराबाद थाने में पहला मामला दर्ज हुआ था और दूसरा मामला दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने दर्ज किया था।