25 जनवरी से 28 फरवरी तक घर-घर सर्वे
वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, सेल्फ-एन्यूमरेशन की यह प्रक्रिया 10 जनवरी से 24 जनवरी तक चलेगी, इसके बाद 25 जनवरी से 28 फरवरी तक फील्ड ऑपरेशन (घर-घर जाकर सर्वे) किया जाएगा। इसके अलावा, 1 मार्च से 5 मार्च तक इसका एक रिविजनल राउंड भी तय किया गया है। इस संबंध में गुरुवार को दिल्ली के मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय बैठक भी आयोजित की जा रही है।
पहला चरण हो चुका है पूरा
आपको बता दें कि दिल्ली में जनगणना 2027 का पहला चरण 14 जून को समाप्त हुआ था। उस दौरान लगभग 76 लाख घरों और करीब 55 लाख परिवारों को कवर किया गया था, जिसमें यह दर्ज किया गया था कि शहर में 2.3 करोड़ से अधिक लोग सामान्य रूप से निवास कर रहे हैं।
जनगणना में पूछे जाएंगे 40 सवाल
जनगणना के इस मुख्य जनसंख्या गणना चरण के दौरान नागरिकों को विभिन्न पैमानों पर कुल 40 सवालों के जवाब देने होंगे। इसमें 1931 की जनगणना के बाद पहली बार जाति की गणना को भी शामिल किया गया है। इसके अलावा धर्म, माता-पिता का विवरण, प्रवास, शिक्षा और व्यवसाय जैसी जानकारियां भी दर्ज की जाएंगी।
मांगी जाएंगी ये जानकारी
प्रश्नावली में व्यक्तिगत विवरण जैसे नाम, लिंग, जन्म तिथि, आयु, वैवाहिक स्थिति, राष्ट्रीयता, अनुसूचित जाति या जनजाति की स्थिति, विकलांगता, मातृभाषा और अन्य भाषाएं शामिल हैं। इसके अलावा परिवार और वित्तीय विवरणों के तहत बच्चों की संख्या, बैंक खातों की संख्या, मोबाइल नंबर, पासपोर्ट और वोटर आईडी जैसी जानकारियां भी मांगी जाएंगी।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि पहचान से जुड़े दस्तावेज जैसे आधार या अन्य दस्तावेज केवल उपलब्ध होने पर ही मांगे जाएंगे और इन्हें दिखाना पूरी तरह से स्वैच्छिक है।