पार्टी ने उनका टिकट काटकर इस सीट से कपिल मिश्रा को मैदान में उतारा है। इससे पहले मोहन सिंह बिष्ट ने कहा था कि वह करावल नगर सीट से ही निर्दलीय चुनाव लड़ेंगे। भाजपा सोचती है कि वे किसी को भी मैदान में उतारेंगे और वह जीत जाएगा। यह एक बड़ी गलती है। तुगलकाबाद विधानसभा के भाजपा नेता भी विरोध कर रहे हैं। यह भी दावा किया कि 17 जनवरी से पहले करावल नगर सीट से नामांकन दाखिल करेंगे। करावल नगर के मौजूदा विधायक मोहन सिंह बिष्ट का टिकट काट कर भाजपा ने कपिल मिश्रा को उतारा है। इस सीट से कपिल मिश्रा आम आदमी पार्टी की टिकट से बिष्ट को हरा चुके हैं। हालांकि भाजपा के आधिकारिक बयान में यह कहा गया कि मोहन सिंह बिष्ट भाजपा के हैं और भाजपा में ही रहेंगे। वह किसी पार्टी से या निर्दलीय चुनाव नहीं लड़ेंगे।
सोशल मीडिया में भी बिष्ट के समर्थन में पोस्ट डाले जा रहे हैं। खासकर उनके समर्थन में पहाड़ के लोग उतर आए हैं। दरअसल इस सीट पर पहाड़ के वोटरों की संख्या अधिक है। उधर, रविवार को प्रदेश भाजपा कार्यालय पहुंचकर तुगलकाबाद मंडल के कार्यकर्ताओं ने विरोध-प्रदर्शन किया। नारेबाजी कर रहे थे कि प्रत्याशी बदलों या इस्तीफा लो। वे तुगलकाबाद क्षेत्र से रोहताश बिधूड़ी को प्रत्याशी बनाए जाने का विरोध कर रहे थे। इस सीट से पिछले चुनाव में विक्रम बिधूड़ी को भाजपा ने प्रत्याशी बनाया था और वह चुनाव हार गए थे।
मंडल के भाजपा नेता उन्हें ही दोबारा प्रत्याशी बनाए जाने की मांग कर रहे थे। इसके अलावा तिमारपुर विधानसभा में भी विरोध के स्वर उठ रहे हैं। इस क्षेत्र के भाजपा नेताओं का कहना है कि लगातार हार रहे भाजपा नेता सूर्य प्रकाश खत्री को टिकट दे दिया गया है। उनका भाजपा कार्यकर्ताओं से कभी संपर्क नहीं रहता है। वह सिर्फ चुनाव के दौरान दिखाई पड़ते हैं और चुनाव हारने के बाद चले जाते हैं। पांच साल तक क्षेत्र में कभी भी सक्रिय नहीं रहते हैं। इस सीट से भाजपा नेता सुरेंद्र पाल सिंह बिट्टू आम आदमी पार्टी में शामिल हो गए थे और पार्टी ने उन्हें ही टिकट दिया है।