राजधानी में हवा की गति तेज होने से हवा थोड़ी साफ हुई है, लेकिन इससे निवासियों को राहत नहीं मिली है। शुक्रवार को भी हवा बेहद खराब श्रेणी में बरकरार रही। सुबह की शुरुआत धुंध और हल्के कोहरे से हुई। वहीं, आसमान में कुहासे के साथ स्मॉग की चादर भी दिखाई दी। इसके चलते दृश्यता भी कम रही। सफदरजंग एयरपोर्ट पर 800 मीटर की दृश्यता दर्ज की गई।
इस दौरान लोग मास्क पहने नजर आए। साथ ही, सांस के मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा। इस दौरान वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 364 दर्ज किया गया। यह हवा की बेहद खराब श्रेणी है। इसमें बृहस्पतिवार की तुलना में 27 सूचकांक की गिरावट दर्ज की गई।
दूसरी ओर, एनसीआर में गाजियाबाद की हवा सबसे अधिक प्रदूषित रही। यहां एक्यूआई 422 दर्ज किया गया, यह गंभीर श्रेणी है। वहीं, नोएडा में 394, ग्रेटर नोएडा में 353 और गुरुग्राम में 287 एक्यूआई दर्ज किया गया। इसके अलावा, फरीदाबाद की हवा सबसे साफ रही। यहां सूचकांक 238 दर्ज किया गया। यह हवा की खराब श्रेणी है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) का पूर्वानुमान है कि सोमवार तक हवा बेहद खराब श्रेणी में ही बरकरार रहेगी। इसके चलते सांस के मरीजों को लोगों को आंखों में जलन जैसी समस्या से राहत नहीं मिलेगी। सीपीसीबी के अनुसार, शुक्रवार को हवा उत्तर-पश्चिम दिशा से आठ किलोमीटर प्रतिघंटे के गति से चली।
वहीं, अनुमानित अधिकतम मिश्रण गहराई 1400 मीटर रही। इसके अलावा वेंटिलेशन इंडेक्स 2850 मीटर प्रति वर्ग सेकंड रहा। दूसरी ओर, दोपहर तीन बजे हवा में पीएम10 की मात्रा 329 और पीएम2.5 की मात्रा 195.1 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज की गई। सीपीसीबी के अनुसार, राजधानी के कई मॉनिटरिंग स्टेशनों पर हवा गंभीर और कई में बेहद खराब में रिकॉर्ड की गई है।
क्षेत्रवार दर्ज एक्यूआई
- मुंडका-442
- आया नगर, बवाना-429
- जहांगीरपुरी-428
- वजीरपुर-426
- रोहिणी-418
- आनंद विहार-415
- नरेला-414
- डीटीयू-413
- विवेक विहार-412
- अशोक विहार-404