परिवार वालों ने बताया कि लाखन माते के बहनोई थे। साल 2015 से दोनों परिवार दिल्ली में किराए पर रह रहे हैं। लाखन के परिवार में उसकी पत्नी रामा देवी, बेटी साक्षी, बेटा हेमंत और राहुल है। जबकि माते के परिवार में उनकी पत्नी फूला व उनकी बेटी दीक्षा थी। लाखन व माते दोनों राजमिस्त्री का काम करते थे। जबकि फूला घरेलू सहायिका का काम करती थी। बृहस्पतिवार को लाखन के 14 साल के बेटे हेमंत का जन्मदिन था। माते अपने परिवार के साथ भांजे के जन्मदिन मनाने लाखन के घर आया था। देर रात पार्टी खत्म होने के बाद लाखन अपनी बाइक से माते व उसके परिवार वालों को उनके घर छोड़ने के लिए जा रहा था। घटना के समय लाखन ने हेलमेट पहन रखा था।
नेशनल ला यूनिवर्सिटी की लालबत्ती पर क्रेटा कार चालक ने पीछे से उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। लाखन व फूला की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि माते की एक पैर कटकर अलग हो गया। घटना के बाद आस पास से गुजर रहे वाहन चालक वहां रुके और घटना की जानकारी पुलिस को दी। कुछ देर वहां रहने के बाद चालक मौके से फरार हो गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी घायलों को इंदिरा गांधी अस्पताल लेकर गए। जहां लाखन और फूला को मृत घोषित कर दिया गया। जबकि माते व उसकी बेटी दीक्षा को सफदरजंग अस्पताल में शिफ्ट कर दिया गया। इलाज के दौरान शुक्रवार शाम दीक्षा ने भी दम तोड़ दिया। पुलिस ने कार नंबर के जरिए मालिक की पहचान कर आरोपी चालक गोपाल नगर निवासी अबरार (24) को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसके खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने से हुई मौत का मामला दर्ज कर लिया है।
तेज रफ्तार होने की वजह से हुआ हादसा
पुलिस की गिरफ्त में आया चालक अबरार ने बताया कि घटना के समय वह द्वारका सेक्टर 13 की तरफ से आ रहा था। उस समय कार की रफ्तार तेज थी। हादसे वाली जगह पर अचानक उसके सामने बाइक आ गई। उसने ब्रेक मारने की कोशिश की लेकिन वह कार पर नियंत्रण नहीं रख पाया। पुलिस ने जांच के बाद बताया कि अबरार कोई काम नहीं करता है। जबकि उसके पिता दिल्ली नगर निगम में कार्यरत हैं। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार किए जाने के बाद नशे की आशंका को देखते हुए आरोपी चालक का मेडिकल करवाया गया। लेकिन उसमें नशे करने की बात सामने नहीं आई।