सुप्रीम कोर्ट से राज्यसभा सांसद संजय सिंह को जमानत मिलने के बाद आप के नेता भाजपा व ईडी पर हमलावर दिखे। उन्होंने कहा कि कथित शराब घोटाले में न तो मनी ट्रेल मिला और न कोई सबूत। ईडी रिकवरी दिखाने में भी असफल रही। ऐसे में संजय सिंह को जमानत मिलने से भाजपा व ईडी की साजिश का पर्दाफाश हो गया है। ईडी को अब शरत चंद्र रेड्डी से भाजपा को चंदे के तौर पर मिले 55 करोड़ रुपये की जांच करनी चाहिए।
आप के वरिष्ठ नेता सौरभ भारद्वाज, आतिशी और जस्मीन शाह ने संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने संजय सिंह की जमानत याचिका पर ईडी से कई सवाल किए, लेकिन जवाब नहीं मिला। इसका मतलब है कि कोर्ट की नजर में संजय सिंह बेगुनाह हैं। वहीं, भाजपा काे भी जवाब मिल गया है। उसके नेता कहते थे कि जमानत नहीं मिल रही तो जरूर कुछ किया है। अब भाजपा नेता कहेंगे कि जमानत ही तो हुई है। इसका मतलब ये नहीं है कि उन्होंने कुछ नहीं किया। आप नेताओं ने कहा कि आज लोकतंत्र के लिए बहुत बड़ा दिन है। ये खुशी और उम्मीद का दिन है कि अब शायद कुछ लोग जेल से बाहर निकलकर लोकतंत्र को बचा लेंगे।
फर्जी मामले में गिरफ्तार किया
उन्होंने कहा कि आप नेताओं को फर्जी मामले में गिरफ्तार किया गया। पहले सतेंद्र जैन, फिर मनीष सिसोदिया, संजय सिंह और अब केजरीवाल को गिरफ्तार किया गया, लेकिन संजय सिंह को जमानत मिलने का प्रकरण बताता है कि आखिरकार जीत सत्य की ही होती है। संजय सिंह की कोर्ट की कार्रवाई के दौरान दो महत्वपूर्ण चीजें पूरे देश के सामने निकलकर आईं, जिनमें सुप्रीम कोर्ट के समक्ष ईडी मनी ट्रेल के बारे में जवाब नहीं होना मुख्य बात थी।
आतिशी ने कहा चार और नेताओं को गिरफ्तार करेगी ई़डी
मंत्री आतिशी ने मंगलवार को प्रेसवार्ता में आरोप लगाया कि उन्हें भाजपा में शामिल होने का ऑफर आया है। करीबी व्यक्ति के माध्यम से उन्हें भाजपा में शामिल होने के लिए संपर्क किया गया है। उन्हें कहा गया है कि भाजपा में शामिल होकर राजनीतिक कॅरिअर बचा लो, अन्यथा महीने भर में ईडी गिरफ्तार कर लेगी। कुछ दिनों में उनके आवास, रिश्तेदारों व परिवार वालों के घर रेड होगी और समन भेजे जाएंगे।
भाजपा लोकसभा चुनाव से पहले आप के चार और नेताओं को गिरफ्तार करने की तैयारी में है। इनके अलावा सौरभ भारद्वाज, दुर्गेश पाठक और राघव चड्ढा को गिरफ्तार किया जाएगा। भाजपा को उम्मीद थी कि केजरीवाल की गिरफ्तारी के बाद आप टूट जाएगी, लेकिन रामलीला मैदान की रैली और 10 दिन से सड़क पर आप के संघर्ष के बाद भाजपा को लगता है कि शीर्ष चार नेताओं को गिरफ्तार करना काफी नहीं था, इसलिए चार अन्य नेताओं को भी गिरफ्तार करने की योजना बनाई गई है।
हम धमकियों से डरने वाले नहीं है। हम केजरीवाल के सिपाही हैं। आप के नेता-कार्यकर्ता में आखिरी सांस तक देश के संविधान की बचाने के लिए लड़ते रहेंगे। प्रधानमंत्री और भाजपा के नेता आप को खत्म करना चाहते हैं। भाजपा भले ही आप के एक-एक विधायक व कार्यकर्ता को जेल में डाल दे। उसका आप पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा, क्योंकि उनकी जगह 10 और लोग केजरीवाल की लड़ाई को लड़ने के लिए सामने आएंगे।