दूसरी तरफ आप प्रवक्ता व विधायक सौरभ भारद्वाज ने कहा कि उपराज्यपाल के पत्र से आप की यह बात साबित हो गई है कि दिल्ली पुलिस आप नेताओं व विधायकों को बदनाम करने के लिए झूठे आरोपों में फंसा रही है।
सौरभ भारद्वाज के मुताबिक, केंद्र ने आप विधायकों को जेल भिजवाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनवाई। लेकिन दांव उल्टा पड़ रहा है। फास्ट ट्रैक कोर्ट में आप विधायक बरी होते जा रहे हैं।
सौरभ भारद्वाज का कहना है कि झूठे मामलों में आप विधायकों को फंसाने के लिए दिल्ली पुलिस को फटकार लगाने की जगह उपराज्यपाल पुलिस कमिश्नर से यह पूछ रहे हैं कि आप विधायक छूट कैसे रहे हैं।
एक पत्र का हवाला देते हुए सौरभ भारद्वाज ने कहा कि उपराज्यपाल ने पुलिस कमिश्नर से एक सप्ताह में रिपोर्ट भी मांगी है। खासतौर से आप विधायक अमानतुल्लाह खान के बरी होने के मामले में।
सौरभ भारद्वाज के मुताबिक, इससे साबित होता है कि आप विधायकों व नेताओं के खिलाफ षड्यंत्र रचा जा रहा है। उपराज्यपाल की मुख्यमंत्री समेत दिल्ली सरकार के मंत्रियों व विधायकों के खिलाफ चल रहे मामलों में खास दिलचस्पी है।