फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वीके सिंह ने रिपोर्टर पर जड़ा मानहानि का आरोप

Thu, 29 Oct 2015 12:40 AM IST
अमर उजाला, गाजियाबाद
विज्ञापन
विज्ञापन
केंद्रीय मंत्री व सांसद वीके सिंह के बयान के बाद से मचे बवाल के बाद अब वीके सिंह के प्रतिनिधि नरेंद्र शिशौदिया (पूर्व विधायक) ने कविनगर थाने में चैनल के रिपोर्टर के खिलाफ तहरीर दी है।
विज्ञापन


आरोप है कि रिपोर्टर ने सांसद के बयान को तोड़ मरोड़ कर एक जाति विशेष से जोड़कर चैनल पर प्रसारित किया। इससे उनकी छवि को नुकसान हुआ है।

कविनगर पुलिस ने जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज करने का आश्वासन दिया है। सांसद प्रतिनिधि का आरोप यह भी है कि मीडियाकर्मी ने सांसद से जबरदस्ती प्रश्न पूछे।

सांसद प्रतिनिधि नरेंद्र सिंह शिशौदिया ने तहरीर में लिखा कि सांसद वीके सिंह अपने लोक सभा क्षेत्र के हिसाली में पावन चिंतन धारा आश्रम में मुख्य अतिथि के रूप में 21 अक्तूबर को शामिल हुए थे।

कार्यक्रम में न्यूज चैनल के रिपोर्टर ने उन्हें बाइट देने के  लिए कहा। वीके सिंह ने कार्यक्रम के बाद बाइट देने को कहा। इसके बाद भी रिपोर्टर कैमरा व माइक लगाकर बैठ गया और जबरदस्ती प्रश्न पूछने लगा।
विज्ञापन


बार-बार मना करने के बाद भी रिपोर्टर उन पर सवालों के लिए दबाव बनाने लगा। बाद में सांसद को धमकी दी कि अगर आपने उत्तर नहीं दिया तो हम पत्रकार हैं, कुछ भी कर सकते हैं।

सांसद ने उक्त पत्रकार द्वारा पूछे गए प्रश्नों के जवाब दिए। आरोप है कि अलग-अलग उत्तरों को साजिश के  तहत एक साथ जोड़कर और तोड़ मरोड़कर ऐसा दर्शाया जैसे कि एक जाति विशेष के लिए कहा गया हो।

जबकि सांसद ने ऐसा कुछ नहीं कहा था। इससे उस जाति के  लोगों के  स्वाभिमान को क्षति पहुंची है और सांसद की छवि को नुकसान पहुंचा है।

एसएचओ कविनगर अशोक सिसौदिया ने बताया कि तहरीर मिली है, जांच की जा रही है। अभी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई है। मामला मानहानि का है इसलिए इसे सिविल कोर्ट में भेजा जाएगा।

सांसद ने जो बोला, वही दिखाया
रिपोर्टर का कहना है कि प्रोग्राम में उन्हें आमंत्रित किया गया था। वहां पर सांसद भी पहुंचे थे। शालीनता से उनसे प्रश्न पूछे गए, जिनका उन्होंने जवाब दिया।
विज्ञापन


जो सांसद ने बोला उसे ही न्यूज चैनल पर दिखाया गया है, बयानों को तोड़ा मरोड़ा नहीं गया है। सांसद प्रतिनिधि द्वारा लगाए गए आरोप निराधार हैं।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें