बाहरी दिल्ली के कंझावला थाना पुलिस ने बवाना इलाके से पुलिस हिरासत से फरार हुए इनामी बदमाश दीपक डबास को बुधवार को संतनगर से गिरफ्तार कर लिया है। दीपक पर पुलिस ने एक लाख का इनाम घोषित कर रखा था।
पुलिस उपायुक्त विक्रमजीत सिंह ने बताया कि गत 20 जून को बाइक सवार चार बदमाशों ने विजय विहार इलाके में मंजीत नाम के केबल ऑपरेटर पर गोली चलाई थी।
गोलीबारी में मंजीत बच गया लेकिन एक किशोर समेत दो लोग जख्मी हो गए। जांच में पता चला कि गोलीबारी करने वाला बदमाश माजरा डबास गांव निवासी दीपक डबास है, जिसे पुलिस ने मंजीत के बहनोई केबल ऑपरेटर देवेंद्र राठी की हत्या के आरोप में 29 फरवरी को रोहिणी इलाके में मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया था।
इसमें उसका तीन सहयोगी आशीष, प्रदीप और सुनील भी पकड़ा गया था। 11 अप्रैल को पुलिस दीपक को एक मामले में सोनीपत के खरखौदा की अदालत में पेश करने जा रहे थे।
फरार होने के बाद दिया वारदात को अंजाम
दीपक डबास, गिरफ्तार बदमाश
- फोटो : अमर उजाला
बवाना इलाके में वह पुलिस को चकमा देकर पुलिस की टाटा 407 से छलांग लगाकर फरार हो गया था। एक सूचना के आधर पर कंझावला थाना पुलिस की टीम ने बुधवार को संतनगर में छापा मारकर दीपक को दबोच लिया।
पूछताछ में दीपक ने बताया कि मंजीत के जीजा देवेंद्र से उसका केबल कारोबार को लेकर विवाद था। इस पर 29 जनवरी को देवेंद्र की हत्या कर दी। पुलिस की हिरासत से भागने के बाद दीपक डबास ने 29 अप्रैल को खरखौदा सोनीपत में तहसीलदार रणवीर सिंह की हत्या का प्रयास किया।
उसके बादवह 9 मई को द्वारका नॉर्थ इलाके में ककड़ौला गांव निवासी अमित को गोली मार दी। a20 जून को उसने विजय विहार इलाके में मंजीत पर कातिलाना हमला किया। वारदात को अंजाम देने के बाद भागने के दौरान उसने बेगमपुर में नितिन अग्रवाल से कार लूट ली। पुलिस ने बताया कि दीपक पर हत्या, हत्या का प्रयास और लूटपाट के 22 मामले दर्ज हैं।