माकपा ने मुख्यमंत्री मनोहरलाल द्वारा मेवात के डिंगरहेड़ी गांव में हुए गैंगरेप और निर्मम हत्याओं को छोटी-मोटी घटनाएं करार दिए जाने संबंधी बयान की निंदा की है।
राज्य सचिव मंडल की ओर से रविवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति में सीएम द्वारा शनिवार को दिए गए इस आपत्तिजनक बयान पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। माकपा ने कहा है कि प्रदेश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर आसीन व्यक्ति द्वारा ऐसे बयानों से यह प्रमाणित हो जाता है कि आरएसएस और भाजपा की विचारधारा में महिलाओं और अल्पसंख्यकों की क्या हैसियत है।
सचिव मंडल ने स्मरण करवाया है कि पूर्व में भी मुख्यमंत्री मनोहरलाल इस प्रकार के निंदनीय बयान दे चुके हैं जोकि संविधान की मूल प्रस्थापनाओं के पूरी तरह विपरीत हैं और इनसे मुख्यमंत्री के पद की गरिमा को उन्होंने चोट पहुंचाई है। पार्टी ने मांग की है कि मुख्यमंत्री अपने बयान को वापस लेते हुए सार्वजनिक तौर पर क्षमा मांगे।