ग्रेटर नोएडा वेस्ट में शुक्रवार देर शाम इको विलेज-वन सोसायटी के स्वीमिंग पूल में दो वर्षीय बच्चा गिर गया। वहां से गुजर रही एक महिला ने बच्चे की जान बचाई। सोसायटी के लोगों ने स्वीमिंग पूल पर सुरक्षा गार्ड तैनात न होने के कारण हंगामा किया।
वहीं, बायर्स ने सुपरटेक बिल्डर पर रुपये लेने के बावजूद सुविधाएं न देने का आरोप लगाकर शनिवार सुबह प्रदर्शन किया। सुपरटेक बिल्डर्स की इको विलेज-वन सोसायटी में करीब 200 परिवार रहते हैं। यहीं ए-4 ब्लॉक के 402 नंबर फ्लैट में रहने वाले अमित पाठक परिवार सहित रहते हैं।
शुक्रवार शाम उनकी पत्नी दो बच्चों के साथ सोसायटी में थी। बड़ा बेटा दूसरी तरफ खेलने चला गया तो वह उसे पकड़ने उसके पीछे चली गई। इसी दौरान उनका दो वर्षीय छोटा बेटा आभाष स्वीमिंग पूल गिर पड़ा।
एक महिला ने बच्चे को डूबता देखकर उसकी जान बचाई
सोसायटी ओनर के खिलाफ प्रदर्शन
- फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
वहां से गुजर रही एक महिला ने बच्चे को डूबता देखकर उसकी जान बचाई। अमित ने बताया कि बेटे को नोएडा के सेक्टर-50 स्थित नियो अस्पताल में ले जाया गया है। सोसायटी के लोगों का आरोप है कि स्वीमिंग पूल पर सुरक्षा के लिए बिल्डर ने गार्ड रखने जैसे कई नियमों का पालन नहीं किया।
बिल्डर ने अभी तक प्रोजेक्ट का निर्माण पूरा नहीं किया। बिना कंप्लीशन के रजिस्ट्री न होने के बावजूद करीब 200 परिवार रह रहे हैं। एक तरफ लोन, दूसरी तरफ किराये से बचने के लिए लोगों ने समझौता किया है लेकिन बिल्डर कंपनी इसका फायदा उठाकर सुविधाएं नहीं दे रही।
- पवन यादव, निवासी
सोसायटी के अन्य टावरों का निर्माण कार्य धड़ल्ले से जारी है। वहीं, एनजीटी के नियमों का उल्लंघन किया जा रहा है। निर्माण कार्य के दौरान ग्रीन शीट भी नहीं लगाई गई। बालकनी में कुछ घंटों में ही धूल की चादर जम जाती है।
- अमित पाठक, निवासी
नियमों के विपरीत निवासियों से अधिक चार्ज वसूले जा रहे हैं। वहीं, चार्ज देने के बावजूद लोगों को सुविधाएं नहीं मिल रही। नियमों के अनुसार सुविधाएं मिलती तो शुक्रवार शाम बच्चे को स्वीमिंग पूल में गिरने से रोका जा सकता था।
- प्रशांत राउत, निवासी