दिल्ली के नंद नगरी के सुंदर नगरी इलाके में शुक्रवार सुबह झगड़े के दौरान बीच बचाव करने पर एक बुजुर्ग सामाजिक कार्यकर्ता की कबाब बनाने वाली सरिया से वार कर हत्या कर दी गई। आरोपी ने सरिया को पीड़ित के सीने में घोंप दिया।
आरोपी घटना के समय अपने पिता की पिटाई कर रहा था। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया है। पुलिस ने उसकी पत्नी और बेटे को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
पुलिस के अनुसार मुहम्मद यामीन (80) सपरिवार सुंदर नगरी एच ब्लॉक में रहते थे। परिवार में पत्नी कुरैशा बेगम, पांच बेटे और एक बेटी है। यामीन इलाके के आरडब्ल्यूए से जुड़े थे। उनके पड़ोस में वशीर अहमद (70) अपने बेटे नूर अहमद(37), बहू शबीना(32) और पोते के साथ रहते हैं।
वशीर अहमद को उनके बेटे बहू अकसर पीटते रहते हैं। शुक्रवार सुबह वशीर अहमद को उसका बेटा और बहू पीटने लगे। शोर शराबा होने पर आस पास के लोग वहां पहुंच गए। शोर सुनकर यामीन भी वहां पहुंचा और नूर अहमद और उसकी पत्नी को समझाने लगा।
अचानक नूर अहमद ने सामने रखे कबाब बनाने वाली सरिया उठाकर यामीन की पिटाई शुरू कर दी और सरिया उसके सीने में घोंप दिया। घटना के दौरान काफी लोग वहां खड़े थे, लेकिन किसी ने भी नूर अहमद को रोकने की कोशिश नहीं की। यामीन के जख्मी होकर गिरने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। घटना की जानकारी मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने जख्मी यामीन को उपचार के लिए जीटीबी अस्पताल पहुंचाया।
जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। नंद नगरी थाना पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर आरोपी नूर अहमद की पत्नी शबीना को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। यामीन की बेटी आबिदा ने बताया कि उसके पिता सामाजिक कार्यकर्ता थे और किसी की भी समस्या को सुलझाने के लिए वहां पहुंच जाते थे।