एक्सप्रेसवे पर तैनात एक सिपाही पर दंपति से अभद्रता कर रिश्वत मांगने का आरोप लगा है। आरोपी ने रिश्वत न देने पर हवालात में बंद करने की धमकी दी। पीड़ित के मुताबिक, वह पत्नी से साथ सेक्टर-135 स्थित कंपनी गए थे।
लौटते समय थाने से कुछ दूरी पर वह कार में पत्नी के साथ कुछ खा रहे थे। आरोप है कि इसी बीच कार सवार एक सिपाही उनके पास पहुंचा और कहने लगा कि किसे लेकर घूम रहे हो। 10 हजार रुपये दो, नहीं तो हवालात में डाल दूंगा।
इतने पैसे न होने पर सिपाही ने उन्हें डराकर 960 रुपये वसूल लिए। मामले में एसपी सिटी अरुण कुमार सिंह ने थाना एक्सप्रेसवे प्रभारी से जांच रिपोर्ट मांगी है। कुमार के मुताबिक, एसएचओ की जांच रिपोर्ट के आधार पर सिपाही के खिलाफ आगे की कार्रवाई होगी।
'रुको दोनों को जेल में डलवाता हूं'
पुलिस के मुताबिक, सनी परिवार के साथ नीति खंड इंदिरापुरम गाजियाबाद में रहते हैं। वह एक बैंक में मैनेजर हैं और उनकी पत्नी अपर्णा सेक्टर-135 स्थित एक कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं।
शुक्रवार रात वह पत्नी को लेने सेक्टर-135 पहुंचे। थाने से पहले वह कार रोक कर कुछ खाने लगे, तभी वैगनआर सवार एक पुलिसकर्मी वहां पहुंचा। आरोप है कि सिपाही ने दंपति को डराते हुए बोला कि कार में क्या कर रहे हो। पूरी रात यहीं रहने का इरादा है। रुको दोनों को जेल में डलवाता हूं।
इसके बाद आरोपी ने 10 हजार रुपये का चालान करने की बात कही। दंपति ने अपनी शादी की फोटो भी दिखाई फिर भी वह नहीं माना। इसके बाद उसने अपने साथियों को बुला लिया। डरे हुए दंपति ने पर्स में रखे 960 रुपये सिपाही को दे दिए।
डरे सहमे दंपति पहुंचे चौकी
घटना के बाद डरे सहमे दंपति पुलिस चौकी सेक्टर-126 पहुंचे। वहां मौजूद पुलिसकर्मी को उन्होंने पूरी घटना बताई। पुलिसकर्मी ने उन्हें घटनास्थल पर चलने को कहा, लेकिन डरी महिला ने वहां जाने से मना कर दिया। इसके बाद पुलिसवालों ने उन्हें कुछ सिपाहियों की फोटो दिखाई, जिनमें दपंति ने एक सिपाही को पहचान लिया।
आरोपी की हुई शिनाख्त
एक्सप्रेसवे थाना प्रभारी वेदपाल सिंह पुंढीर का कहना है कि जिस सिपाही को दंपति ने पहचाना है उसका नाम विकास गौतम है। वह कल रात ही छुट्टी पर गया है। उससे मोबाइल पर बात करने की कोशिश की, लेकिन बात नहीं हो पाई। अभी दंपति ने शिकायत नहीं की है। अगर सिपाही दोषी पाया गया तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।