सस्ते फ्लैट का झांसा देकर लोगों से करोड़ों रुपये ठगने वाले एक गिरोह के सदस्य को थाना सेक्टर-58 पुलिस ने गिरफ्तार किया है। गिरोह के मुख्य आरोपी बाप-बेटे को एसटीएफ ने छह माह पहले गिरफ्तार किया था।
दोनों फिलहाल जेल में बंद हैं। आरोपियों के खिलाफ थाना सेक्टर-39 में भी फर्जीवाड़े के कई मामले दर्ज हैं। आरोपियों ने करीब 10 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की है।
थाना सेक्टर-58 पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी की पहचान छलेरा निवासी राहुल सिंघानिया के रूप में हुई है। गिरोह के मुख्य आरोपी सेक्टर-100 बुलवर्ड सोसायटी निवासी कुनाल डोगरा, उसका पिता सुरेंद्र डोगरा और कुनाल की पत्नी गुनगुना डोगरा हैं।
आरोपियों ने सस्ता फ्लैट दिलाने के नाम पर 24 लाख रुपये की ठगी की
सांकेतिक चित्र
इसके अलावा कुनाल का साला गौरव सूरी, ससुर एमएस सूरी, बहन नेहा शर्मा और जीजा ऋषि शर्मा भी धोखाधड़ी के मामलों में आरोपी हैं। कुनाल और सुरेंद्र को एसटीएफ ने 30 जनवरी को महामाया फ्लाईओवर के पास से गिरफ्तार किया था।
दोनों अब भी जेल में बंद हैं। कुनाल की पत्नी गुनगुन डोगरा ने हाईकोर्ट से गिरफ्तारी पर स्टे ले रखा है। इनके खिलाफ सेक्टर-19 ए ब्लॉक निवासी दंत चिकित्सक संदीप नागर ने 4 जनवरी को 44.20 लाख रुपये की धोखाधड़ी की रिपोर्ट थाना सेक्टर-58 में दर्ज कराई थी।
संदीप नागर के भाई नौसेना कमांडर आरके नागर से भी आरोपियों ने सस्ता फ्लैट दिलाने के नाम पर 24 लाख रुपये की ठगी की थी। आरोपियों ने संदीप नागर के एक दोस्त से भी दस लाख रुपये की धोखाधड़ी की थी।
आरोपियों के खिलाफ थाना सेक्टर-39 में 7 जून 2016 को सरिता विहार दिल्ली निवासी आशीष भट्टाचार्या ने भी 86.27 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया था। धोखाधड़ी करने के बाद आरोपी पत्नी के साथ दुबई भाग गया था।