आरोपी ने बताया कि कारतूस की खेप उसे आगरा, यूपी के एक व्यक्ति से मिलती थी। दिल्ली पुलिस ने उस पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित कर दिया था। अवैध हथियार उसे मध्य प्रदेश के एक आर्म्स सप्लायर से मिलते थे।
वह एक पिस्टल दस हजार में लेता था और उसे आगे 20 से 25 हजार में बेचता था। वह पहले आर्म्स, रॉबरी व हत्या के प्रयास में यूपी में गिरफ्तार हो चुका है। इसने वर्ष 2014 में साथियों के साथ यूपी रोडवेज की बस में लूटपाट की थी।
वह कंडक्टर का रुपयों से भरा बैग भी लूटकर ले गए थे। इसके बाद वह खुर्जा, यूपी के अनिल कुमार के संपर्क में आया और अवैध हथियारों की तस्करी करने लगा। दिल्ली पुलिस ने अनिल की गिरफ्तारी पर भी एक लाख रुपये का नाम रखा हुआ था। अनिल व जीतू शर्मा वर्ष 2014 में मथुरा, यूपी में गिरफ्तार हुए थे।