ग्रेटर नोएडा के दादरी कोतवाली क्षेत्र में सोमवार दोपहर रंगदारी न देने पर बाइक सवार बदमाशों ने पिता-पुत्र समेत तीन लोगों को गोली मार दी।
पुलिस ने घायलावस्था में तीनों को गाजियाबाद के यशोदा अस्पताल में भर्ती कराया। वारदात के बाद सैकड़ों व्यापारी घटनास्थल पर जमा हो गए। उन्होंने बाजार बंद कर दिया।
अग्रवाल धर्मशाला में बैठक करने के बाद व्यापारियों ने भाजपा नेता विजय पंडित के नेतृत्व में कोतवाली का घेराव किया और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। व्यापारियों ने हमलावरों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। एसपी देहात डॉ. बृजेश कुमार ने उन्हें आश्वासन दिया।
बदमाशों ने की ताबड़तोड़ फायरिंग
पुलिस के मुताबिक दादरी स्थित स्व. महेंद्र भाटी वाली गली में जयप्रकाश की ज्वेलरी की दुकान है। सोमवार दोपहर वह, उसका बेटा मुकेश और बेटे का दोस्त गौरव दुकान पर बैठे थे।
इसी दौरान बाइक सवार दो लोग आए। उन्होंने जयप्रकाश से दस लाख रुपये रंगदारी मांगी। रुपये देने से इनकार करने पर उन्होंने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। गोली जयप्रकाश, मुकेश और गौरव को लगी। हमलावर फायरिंग करते हुए फरार हो गए।
गोलियों की आवाज सुनकर लोग एकत्र हो गए। पुलिस को घटना की सूचना दी गई। वारदात से नाराज व्यापारियों ने चेतावनी दी कि अगर हमलावरों को जल्द गिरफ्तार नहीं किया गया तो बाजार को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया जाएगा।
एक के बाद दूसरा गिरोह मांगता है रंगदारी
पिछले दो दशक से दादरी के व्यापारी रंगदारी दे रहे हैं। एक व्यापारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि कारोबारी रंगदारी तो दे दें, लेकिन अब एक गिरोह रुपये लेकर जाता है तो दूसरा मांगने के लिए आ जाता है। ऐसे में व्यापारी अलग-अलग गिरोह को एक सप्ताह या माह में लाखों रुपये कैसे दे सकते हैं।
आज दादरी और ग्रेनो में करीब आठ से दस गिरोह रंगदारी वसूल रहे हैं। एक गिरोह जान से मारने की धमकी देकर व्यापारी से रंगदारी वसूल कर जाता है। यह बात जैसे ही दूसरे गुट को मिलती है तो वह भी रंगदारी मांगने आ जाता है।
इसी वजह से दो साल पहले अंधपुर गांव के पास भट्ठा व्यापारी की हत्या कर दी गई थी। वह पहले ही एक बदमाश को रंगदारी दे चुके थे और दूसरे बदमाश ने उनसे रंगदारी मांगी थी। इनकार करने पर उन्हें मौत के घाट उतार दिया गया था।
रंगदारी करा चुकी है कई हत्याएं
दादरी में भट्ठा मालिकों से रंगदारी की वसूली का सिलसिला नरेंद्र उर्फ नंदू उर्फ रावण ने शुरू किया था। गिरोह ने बिल्डर, ज्वेलर, जूता व्यापारी से जमकर वसूली की। इससे नाराज व्यापारियों ने दो साल पहले बाजार बंद कर आंदोलन किया था। बाद में आंदोलन का नेतृत्व करने वाले व्यापारी नेता विनोद गोयल की सरेआम गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी।
रंगदारी देने से इनकार करने पर भट्ठा मालिक राजेंद्र सिंह और जूता व्यापारी अशोक की भी हत्या कर दी गई थी। वहीं रेलवे रोड स्थित मार्बल व्यापारी बिजेंद्र-सुरेंद्र की दुकान के अलावा खल व्यापारी आदेश गोयल पर भी हमला किया गया था।
सोमवार को बदमाशों ने दस लाख रंगदारी देने से मना करने पर ज्वेलर जयप्रकाश की दुकान पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी, जिसमें ज्वेलर समेत तीन लोग घायल हो गए। वारदातों से व्यापारियों में काफी रोष है।