मर्सिडीज हिट एंड रन मामले में जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड ने अभियोजन की अर्जी पर बहस सुनने के बाद शुक्रवार को फैसला सुरक्षित रख लिया। जेजेबी शनिवार को अभियोजन की अर्जी पर फैसला सुनाएगा।
मामला तेज रफ्तार से कार चलाते हुए मौत का है। इस हादसे में 32 साल के एक मार्केटिंग एक्जीक्यूटिव की 4 अप्रैल 2016 को मौत हो गई थी। दिल्ली पुलिस चाहती है कि नाबालिग पर सत्र अदालत में मुकदमा चले क्योंकि इस घटना के समय आरोपी की आयु 18 साल होने में चार दिन बाकी थे।
यह मामला जघन्य अपराध की श्रेणी में आता है। जेजेबी के समक्ष बहस करते हुए दिल्ली पुलिस के विशेष अधिवक्ता अतुल श्रीवास्तव ने कहा कि आरोपी इससे पहले भी ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन कर चुका है।
मामले में आरोपी 16-18 आयु वर्ग में है और हादसे वाले दिन उसकी आयु 18 साल होने में केवल चार दिन कम थी। अभियोजन ने कहा कि नए कानूनी संशोधन के तहत जघन्य अपराध करने वाले 16-18 साल की आयु वाले आरोपियों पर सत्र अदालत में मुकदमा चलाने का प्रावधान है।