फर्जी विज्ञापन लिंक लाइक कराने के नाम पर 40 हजार लोगों से 260 करोड़ रुपये की ठगी करने वाली वेबवर्क कंपनी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने वाले गाजियाबाद के अमित किशोर जैन को धमकी मिलने लगी है।
मामले में अमित ने गाजियाबाद के थाना लिंक रोड में शिकायत दी है। शिकायत पर कार्रवाई करने की जगह गाजियाबाद पुुलिस एक सप्ताह से पीड़ित को नोएडा पुलिस की तरफ टरकाने का प्रयास कर रही है।
अमित जैन ने बताया कि उन्हें इंदिरापुरम गाजियाबाद की रहने वाली एक महिला ने फेसबुक पोस्ट के जरिए धमकी दी ही। इस पोस्ट में उसने लिखा है कि उनके द्वारा आरटीआई व एफआईआर के माध्यम से वेबवर्क की वेबसाइट बंद करा दी गई।
इससे वेबवर्क वाले काफी चिढ़े हुए हैं। किसी दिन भी कोई उन्हें ठोक जाएगा। अमित का आरोप है कि यह महिला वेबवर्क के लिए काम करने वालों के गिरोह से जुड़ी हुई है। पूर्व में अमित जैन ने इस महिला के खिलाफ नोएडा पुलिस के अधिकारियों और नोएडा जिलाधिकारी से भी शिकायत की थी।
इसी महिला ने वेबवर्क के निदेशकों संदेश वर्मा और अनुराग जैन की गिरफ्तारी के कुछ दिन बाद रात के वक्त उनसे फोन पर बात करने और निवेशकों से सब कुछ जल्दी ठीक होने का दावा अपनी फेसबुक पोस्ट के जरिए किया था।
अमित के अनुसार पूर्व में भी अनुराग जैन ने फोन पर उन्हें धमकी दी थी। उस वक्त भी उन्होंने गाजियाबाद पुुलिस से शिकायत की थी। तब भी गाजियाबाद पुलिस ने न तो उन्हें सुरक्षा मुहैया कराई और न ही उनकी एफआईआर दर्ज की।
आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद अमित जैन ने नोएडा पुलिस से भी सुरक्षा मुहैया कराने की गुहार लगाई थी। इस बार भी गाजियाबाद पुलिस उनकी शिकायत दर्ज करने की जगह उन्हें टरका रही है।
आईजीआरएस से मुख्यमंत्री व डीजीपी को भी की शिकायत
अमित ने बताया कि नोएडा और गाजियाबाद पुलिस के संज्ञान न लेने पर उन्होंने आईजीआरएस के जरिये मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी और यूपी पुलिस के डीजीपी सुलखान सिंह से भी मामले की शिकायत की है। इसके साथ उन्होंने पूर्व में की गई शिकायतों की प्रति भी संलग्न की है।