कासना गांव निवासी एक युवक को बृहस्पतिवार तड़के बुरी तरह पीटकर अधमरी अवस्था में सड़क पर फेंक दिया गया। परिजनों और पुलिस ने सुबह उसे अस्पताल में भर्ती कराया। मामले में परिजनों की ओर से सात लोगों पर एफआईआर दर्ज कराई गई। बृहस्पतिवार को ही अस्पताल में उपचार के दौरान युवक ने दम तोड़ दिया। शुक्रवार को आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर लोगों ने शव सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। वहीं पुलिस पड़ताल में युवक को चोरी के आरोप में पीटकर हत्या करने की बात सामने आ रही है।
कासना गांव निवासी राजेंद्र सिंह ने ग्रेटर नोएडा थाने में दर्ज कराई गई रिपोर्ट में कहा है कि उनका भतीजा अमित जाटव (22) परिवार के साथ रहता था और एक कंपनी में मजदूरी करता था। बृहस्पतिवार सात लोग उसे अपने साथ बुलाकर ले गए।
देर रात तक अमित के न लौटने पर परिजन उसे ढूंढते रहे। बृहस्पतिवार तड़के परिजनों को अमित के अधमरी हालत में घर से एक किमी दूर सड़क पर पड़े होने की सूचना मिली। सूचना पर पुलिस ने परिजन की मदद से उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया। परिजन की तहरीर पर पुलिस मामले में विकल, सुखपाल, इंद्र, राजसिंह, रविंद्र, ब्रिजेश, सुरेंद्र चौहान के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
शुक्रवार को परिजन व अन्य ग्रामीणों ने अमित का शव रखकर जाम लगाया। ग्रामीणों ने मामले में नामजद के अलावा कुछ अन्य आरोपियों की भी गिरफ्तारी की मांग की। उनका कहना है कि जिस स्थान पर शव पड़ा मिला है। उस स्थान के पास रहने वाले दो लोगों की पूरे मामले में संलिप्तता है।
विवाद या चोरी, हत्या के कारणों में उलझी पुलिस
अमित के ताऊ के बेटे बॉबी ने बताया कि 10 जुलाई को आरोपी पक्ष के लोग शराब पीकर गाली गलौज कर रहे थे। अमित के परिजनों ने इसका विरोध किया था। जिसके बाद आरोपियों ने अमित के परिवार पर हमला कर दिया था। बताया गया कि इसके बाद आरोपियों ने अमित के परिवार के खिलाफ ही थाने में रिपोर्ट करा दी थी। वहीं, पुलिस पड़ताल में ये भी बात सामने आ रही है कि अमित को कुछ लोगों ने चोरी के आरोप में पीटा है।
अमित के मोबाइल से कॉल कर दी बहन को हत्या की सूचना
बताया गया है कि बृहस्पतिवार सुबह किसी ने अमित के मोबाइल से कॉल कर उसकी बहन कविता को हत्या की सूचना दी। साथ ही उस जगह के बारे में बताया जहां शव पड़ा था। खबर मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे जहां पता चला कि अमित की सांस चल रही थी। तब तक पुलिस भी वहां पहुंच चुकी थी। पुलिस और परिजनों ने मिलकर उसे अस्पताल में भर्ती करा दिया।
सीओ ग्रेटर नोएडा तृतीय, पीयूष कुमार सिंह ने कहा कि इस मामले में परिजनों ने दो दिन पहले हुए विवाद के मामले को लेकर सात लोगों पर केस दर्ज कराया है। कुछ लोगों ने पड़ताल में यह भी जानकारी दी है कि युवक को चोरी के आरोप में पीटा गया था। केस से जुड़े सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। निष्पक्ष जांच के बाद आरोपियों को गिरफ्तार कर वारदात का खुलासा कर दिया जाएगा।