उम्रकैद की सजा काट रहे कुख्यात जीतराम उर्फ जीता की मंगलवार को रेवाड़ी कोर्ट में पेशी के दौरान दो बदमाशों ने गोलियां मारकर हत्या कर दी। घटना के तुरंत बाद पुलिसकर्मियों ने कोर्ट परिसर को चारों तरफ से घेर लिया और दोनों हत्यारोपियों को हिरासत में ले लिया।
आरोपियों की पहचान जौहड़ी सांपका (पटौदी) निवासी नरेश पुत्र टेकचंद व मुंडनवास कमालपुर निवासी हवासिंह पुत्र रामानंद गुर्जर के रूप में हुई। बदमाशों ने आठ राउंड फायरिंग की। पुलिस ने मौके से कारतूस के छह खोल बरामद किए हैं।
मोहल्ला गुर्जरवाड़ा निवासी मनोहर के 32 वर्षीय पुत्र जीतराम उर्फ जीता पर हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, डकैती, दुराचार, फिरौती समेत लगभग 35 मामले दर्ज हैं। वह हत्या के एक मामले में गुड़गांव की भौंडसी जेल में उम्रकैद की सजा काट रहा था।
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मंगलवार सुबह भौंडसी जेल से पुलिस जीता को हत्या व हत्या प्रयास के दो मामलों में रेवाड़ी कोर्ट में पेशी पर लेकर आई थी। मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे पुलिसकर्मी जीता को न्यायालय परिसर में प्रथम तल पर कोर्ट नंबर 6 के सामने लेकर पहुंचे। उसी समय कोर्ट रूम के बाहर बेंच पर बैठे दो बदमाशों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।
बदमाशों ने आठ राउंड फायरिंग की। इनमें कई गोलियां जीता के शरीर के अलग-अलग हिस्सों में लगी जबकि एक गोली पुलिसकर्मी भीम सिंह के पैर में लगी। वारदात के बाद बदमाशों ने चारों तरफ से पुलिस से घिरा देखा तो सरेंडर कर दिया।
पुलिस दोनों बदमाशों को पकड़कर थाने ले गई। पुलिसकर्मियों ने घायल भीम सिंह को निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।