सेक्टर-दो स्थित व्यवसायिक इमारत की खरीद-फरोख्त में धोखाधड़ी के आरोपी लालचंद को बचाने के लिए पुलिस बिचौलिए का काम कर रही है।
पुलिस पर बल्लभगढ़ के विधायक मूलचंद शर्मा राजनैतिक दबाव बनाए हुए हैं। यह आरोप इस मामले में पीड़ित शिवकुमार ने बुधवार को पत्रकार वार्ता के दौरान लगाए।
वार्ता के दौरान माहौल उस समय बिगड़ गया जब स्थानीय विधायक के कुछ समर्थकों ने शिकायतकर्ता से प्रश्न पूछने शुरू कर दिए। दोनों पक्षों में जमकर कहासुनी हुई।
शिकायतकर्ता शिवकुमार ने बताया कि उसने विधायक के चचेरे भाई लालचंद से सेक्टर दो स्थित एक व्यवसायिक संपत्ति का एग्रीमेंट किया था। इस एवज में उन्होंने 2.26 करोड़ रुपये लालचंद को दिए।
पैसे मिलने के बाद लालचंद एग्रीमेंट को मानने से इंकार कर रहा है। शिवकुमार ने 11 फरवरी 2015 को सिटी थाने में लालचंद के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया था। शिवकुमार के मुताबिक राजनैतिक रसूख का इस्तेमाल कर लालचंद ने तत्कालीन पुलिस आयुक्त पर दबाव बनवाकर केस रद्द करवा दिया था।
इस पर उन्होंने अक्तूबर 2015 में उच्च न्यायालय की शरण ली थी। मामले की सुनवाई के बाद 21 दिसंबर 2015 को न्यायालय ने लालचंद के खिलाफ दोबारा जांच करने के आदेश जारी किए थे।
नए पुलिस आयुक्त ने मामले की जांच के लिए स्पेशल टीम गठित की थी। जांच के बाद शिवकुमार की शिकायत सही पाई। एसआईटी लालचंद को गिरफ्तार करने का दबाव डाल रही थी।
सोमवार को लालचंद को गिरफ्तार कर लिया गया था। शिवकुमार ने आरोप लगाया है कि पुलिस ने राजनैतिक दबाव के चलते एफआईआर से धारा 467, 468, 471 हटा दी। इस कारण से केस कमजोर हो गया है।