पुलिस की साइबर सेल ने ईमेल स्पूफ द्वारा करोड़ों ठगने वाले नाइजीरियन गैंग के आठ सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इनमें चार आरोपी भारतीय हैं। पूछताछ में पता चला है कि आरोपी कंपनियों के एमडी-चेयरमैन की फर्जी ईमेल आईडी बनाकर धोखाधड़ी करते थे।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन लाख रुपये जब्त किए हैं, जबकि 34 लाख रुपये खातों में ही फ्रीज करा दिए गए हैं। पुलिस के समक्ष अभी तक 10 करोड़ से अधिक की ठगी का मामला सामने आया है। जिसमें से 5 करोड़ की ठगी गौतमबुद्ध नगर में की गई है। वहीं पुलिस ने इसके 40 करोड़ रुपये तक जाने की आशंका जताई है।
एसपी सिटी दिनेश यादव ने बताया कि सूरजपर कोतवाली क्षेत्र स्थित क्राउन प्लाजा होटल के चेयरमैन की फर्जी ईमेल आईडी बनाकर उन्हीं के फाइनेंस डायरेक्टर राकेश कुमार को ईमेल किया गया, जिसमें अलग-अलग अकाउंट नंबर देकर अलग-अलग रकम जमा कराने की बात कही गई।
चेयरमैन का ईमेल पढ़ने के बाद फाइनेंस डायरेक्टर ने बताए गए खातों में रकम जमा करा दी। 28 सितंबर को जब चेयरमैन को रुपये भेजने की सूचना मिली तो उन्होंने ऐसे किसी भी ईमेल से साफ इनकार कर दिया। हालांकि तब तक कंपनी की ओर से 42 लाख रुपये खातों में जमा कराए जा चुके थे।
इसके बाद फाइनेंस डायरेक्टर ने सूरजपुर कोतवाली में शिकायत की, जहां से मामला साइबर सेल को भेज दिया गया। साइबर सेल ने सबसे पहले उन अकाउंट नंबरों पर काम करना शुरू किया, जिनमें रुपये डाले गए थे। मगर हैरत करने वाली यह थी कि सभी अकाउंट होल्डर के नाम, पते और पेन फर्जी पाए गए।
लगातार छानबीन के दौरान साइबर सेल को पता चला किदिल्ली एनसीआर में नाइजीरियन युवकों ने साइबर ठगी गिरोह बना रखा है। इसके माध्यम से वे बड़े लोगों को निशाना बनाते हैं और एक ही झटके में उनके लाखों रुपये हड़प लेते हैं।
इसके बाद पुलिस ने दिल्ली से नाइजीनियाई नागरिक ओग्यू एनथनी, सिकेरू टाईवो, फ्रांसिस ओबी को हरिथ विहार, दिल्ली और इवर रिव्बेन सिल्वेस्टर को राजू पार्क, दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया गया।
इनके अलावा साइबर सेल ने बरेली निवासी नाजिस अली को जसोला, दिल्ली, औरंगाबाद (बिहार) निवासी मोहम्मद नौसाद और बदायूं निवासी तनवीर अहमद कोे प्रेमनगर, दिल्ली, जबकि बरेली निवासी नासिर खान को दिल्ली के मदनपुर खादर से गिरफ्तार किया गया है।
आरोपियों के पास से 5 लैपटॉप, 28 मोबाइल, 40 बैंक पासबुक, 38 चेकबुक, 35 बैंकर चेक, 20 पेन कार्ड, 21 फोटो पहचान पत्र, 39 एटीएम, क्रेडिट कार्ड और डेबिट कार्ड, तीन आधार कार्ड, 3 पासपोर्ट और 3 इंटरनेट डोंगल और दवा हर्बल बजी के कई पैकेट बरामद किए गए हैं।