प्रेम-प्रसंग में हुई फिरोज की हत्या के खुलासे के बाद परिजनों ने मसूरी थाने के पूर्व एसएचओ के निलंबन की मांग की है। मृतक के चाचा अब्दुल ने तत्कालीन एसएचओ सहित चार पुलिसकर्मियों पर आरोपियों से साठगांठ का आरोप लगाया है।
उनका कहना है कि उनके भतीजे फिरोज के शव को हादसा बताकर पुलिस ने हिंदू रीति से अंतिम संस्कार कर दिया। परिजनों ने पुलिसकर्मियों के निलंबन की मांग के लिए एसएसपी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है।
बता दें कि नाहल गांव निवासी फिरोज 19 जनवरी को लापता हो गया था और 21 जनवरी को उसका शव एमजी रोड इंडस्ट्रियल एरिया में मिला था। शिनाख्त न होने पर पुलिस ने सड़क हादसा मानकर अंतिम संस्कार कर दिया था।
20 फरवरी को फिरोज के शव की पहचान उसके कपड़ों से हुई थी। इस मामले में पुलिस फिरोज की प्रेमिका के भाई सहित तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।