गाजियाबाद के मसूरी थाना क्षेत्र के डासना इलाके में ई रिक्शा चालक शकील (25) की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। रविवार शाम को शकील के तीन दोस्त उसे घर से बुलाकर ले गए थे।
रविवार सुबह उसकी लाश तीन टुकड़ों में मिली। तीनों टुकड़े काटकर अलग-अलग स्थानों पर फेंके गए थे। रविवार रात को ही कब्रिस्तान से परिजनों ने शकील का कटा हुआ सिर बरामद कर लिया था। जबकि उसके पैर और धड़ सोमवार सुबह मिले। एसएचओ वीरेंद्र यादव ने बताया कि शकील दिल्ली में परिवार सहित रहता था।
शर्ट में बंधा शकील का कटा हुआ सिर
दिल्ली में ई रिक्शा पर प्रतिबंध लगने के बाद से वह डासना में परिजनों के पास रह रहा था। शकील की करीब डेढ़ साल पूर्व शादी हुई थी। शकील के परिजनों के अनुसार रविवार देर शाम डासना निवासी इरशाद, छोटा आमिर और भूरे कुरैशी शकील को घर से बुला कर ले गए थे।
देर रात तक घर न लौटने पर परिजनों ने आस पास तलाश की। तलाश के दौरान परिजनों को शर्ट में बंधा शकील का कटा हुआ सिर मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने रात भी परिजनों के साथ धड़ की तलाश की। एसएचओ ने बताया कि रविवार सुबह तलाश के दौरान धान के खेत में शकील का धड़ और कटे पैर मिले।
धड़ के पास मिली ये बोतल खोलेगी राज
एसएचओ ने बताया कि करीब तीन साल पूर्व शकील ने डासना निवासी इरशाद को गोली मारी थी। मामले में शकील जेल भी गया था। आरोपियों की गिरफ्तारी होने के बाद ही मौत के कारणों का पता चलेगा।
धान के खेत में धड़ के पास से पुलिस को दो शराब की खाली बोतल, नमकीन के खाली रैपर और चार गिलास मिले है। पुलिस का मानना है कि हत्या के पहले आरोपियों ने शकील के साथ शराब पी होगी। नशा होने के बाद उसकी हत्या की गई होगी। आरोपियों ने पेशेवर कातिलों की तरह शरीर के अंगों को काटा हुआ था।