तीन दिन पहले नोएडा के सेक्टर-22 में महिला और उसके जेठ की हत्या के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है।
इस केस में तीन नामजद आरोपियों को पुलिस ने सोमवार रात सिटी सेंटर मेट्रो स्टेशन के पास गिरफ्तार कर लिया। पुलिस हिरासत में आरोपियों जो बयान दिया उसे सुनकर सभी हैरान रह गए।
बता दें कि तीन दिन पहले एक मकान में बुजुर्ग महिला व उसके जेठ की धारदार हथियार से गला रेत कर हत्या कर दी गई थी। हत्यारे मौके पर ही खून से सनी दराती छोड़ कर भाग निकले थे।
सर्विलांस के जरिए गिरफ्तार हुए आरोपी
सेक्टर-22 के जी ब्लॉक में रहने वाले विजयपाल (80) और उसके छोटे भाई की पत्नी उषा (53) की गला रेत कर हत्या कर दी गई थी।
मामले में मृतक के भाई चंद्रपाल और उनके चार बेटों शंभू उर्फ दलबीर (35), महावीर (38), किरनपाल उर्फ टिंकू (30) व किशनपाल उर्फ रिंकू पर हत्या के आरोप में मामला दर्ज किया गया था।
सीओ द्वितीय विश्वजीत श्रीवास्तव के अनुसार, सोमवार रात सेक्टर-24 थाना पुलिस ने सर्विलांस की मदद से दलबीर, महावीर और किरनपाल को गिरफ्तार कर लिया।
शादी के लिए मुसीबत बनी थी जमीन
पूछताछ में उन्होंने पुलिस को बताया कि विजयपाल और उसके भाई भगवान सिंह ने कासगंज में 15 बीघा जमीन खरीदी थी। वर्ष 2010 में भगवान सिंह की मौत हो गई। विजयपाल ने भगवान सिंह के बेटे दीपक को बरौला में एक मकान खरीदकर दिया था।
विजयपाल एक और जमीन बेचकर वह दीपक को नोएडा में घर बनवाकर देना चाहते थे। इसकी सूचना मिलने पर तीसरे भाई चंद्रपाल और उसके बेटों से विजयपाल का विवाद हो गया।
जमीन न होने के कारण चंद्रपाल के बेटों की शादी नहीं हो पा रही थी। इसके चलते चंद्रपाल और उसके बेटों ने मिलकर विजयपाल और ऊषा की हत्या कर दी। हत्याकांड का मास्टर माइंड चंद्रपाल और उसका एक बेटा किशनपाल उर्फ रिंकू अभी फरार चल रहा है। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम प्रयास कर रही हैं।