दूध और इससे तैयार खाद्य पदार्थ का प्रत्येक सैंपल फेल हो रहा है। पिछले दिनों मोदीनगर में अमूल के दूध में डिटर्जेंट पाउडर पाया गया था, इस बार फिर अमूल के दूध में डिटरजेंट मिला है।
इस मामले में परीक्षण रिपोर्ट आने के बावजूद आरोपियों पर अभियोग दर्ज न कराने पर अफसरों की भूमिका भी संदिग्ध है। मोदीनगर के गोविंदपुरम में स्थित प्राची डेयरी से दूध का नमूना 2012 में लिया गया था।
सको कोड संख्या जीजेडबी-155 से लखनऊ भेजा गया। लैब रिपोर्ट ने दूध को सबस्टैंडर्ड बताया। दोबारा कोलकाता लैब में जांच हुई तो यहां दूध में कपड़े धोने वाला डिटरजेंट पाउडर मिला पाया गया।
इसकी रिपोर्ट डीओ आफिस को 19 सितंबर 13 को दी गई। इसके बावजूद रिपोर्ट दबा दी गई। डेयरी मालिक का कहना है कि पहले फेल बाद में नमूना पास हो गया। इसकी जानकारी मुझे दी गई। बाद में क्या हुआ मुझे नहीं पता।