दिल्ली पुलिस की विजिलेंस ब्रांच ने दिल्ली पुलिस के सिपाही को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोपी सिपाही मलबे को खाली प्लॉट में डालने की एवज में कॉट्रेक्टर से दस हजार रुपये की रिश्वत मांग रहा था।
सिपाही जब रिश्वत के पैसे की दूसरी किश्त लेने गया तभी विजिलेंस ब्रांच ने दबोचा लिया। सिपाही को निलंबित कर दिया गया है। विजिलेंस ब्रांच की आर के झा के अनुसार लेबर कॉट्रेक्टर ने 30 मई 2016 को विजिलेंस ब्रांच में शिकायत की थी।
शिकायत में कहा था कि वह दक्षिण दिल्ली में पुरानी बिल्डिंग को तोड़ता था और उनका मलबा जैतपुर में खाली पड़े नीचे प्लॉट में डालता था। मलबा डालने के लिए उसने ट्रक किराए पर लिया था।
जैतपुर थाने में तैनात सिपाही राजकरण ने 25 मई को ट्रक रोक लिया था और उससे दस हजार रुपये की रिश्वत मांगी। सिपाही राजकरण ने धमकी दी कि अगर वह दस हजार रुपये नहीं देगा तो ट्रक को थाने में बंद कर देगा।
बाद में सौदा सात हजार में तैयार हो गया और पहली किश्त के रूप में दो हजार रुपये दे दिए गए। इसके बाद सिपाही पैसे केलिए लगातार धमकाने लगा। कॉट्रेक्टर की शिकायत केबाद विजिलेंस ब्रांच की एक रेडिंग टीम तैयार की गई।
सिपाही राजकरण को कालिंदी कुंज पर रिश्वत के पैसे की दूसरी किश्त लेने बुलाया। जब सिपाही रिश्वत के रूप में तीन हजार रुपये ले रहा था उस समय विलिजेंस की टीम ने उसे दबोच लिया। सिपाही राजकरण के खिलाफ विजिलेंस ब्रांच केथाने में मामला दर्ज कर लिया गया है।