दिल्ली कैंट थाने के मालखाने में तैनात दिल्ली पुलिस के एक हेड कांस्टेबल ने खुद को गोली मार ली। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। उसके पास से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें उसने परिवार को खुश नहीं रख पाने की बात लिखी है।
जांच के बाद पुलिस पूरे मामले को पारिवारिक विवाद से जोड़कर देख रही है। पुलिस के अनुसार, प्रमोद कुमार सपरिवार नजफगढ़ के गोपाल नगर में रहता है। परिवार में पत्नी रंजीता, तीन साल की बेटी और दस माह का बेटा है।
मूलत: मध्य प्रदेश के भोपाल का रहने वाला प्रमोद 1995 में दिल्ली पुलिस में बतौर कांस्टेबल भर्ती हुआ। उसकी पत्नी भी दिल्ली पुलिस में हेड कांस्टेबल है और उसकी तैनाती मोती नगर में है।
रविवार को प्रमोद सुबह ही थाने पहुंच गया। रात करीब साढ़े दस बजे उसने सर्विस रिवाल्वर से कनपटी पर गोली मार ली। गोली चलने की आवाज सुनकर अन्य पुलिसकर्मी मालखाने में पहुंचे, जहां प्रमोद खून से लथपथ पड़ा था।
पुलिसकर्मियों ने उसे डीडीयू अस्पताल में भर्ती कराया। प्रमोद की हालत गंभीर है और उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है। जांच में पता चला है कि प्रमोद ने बाएं हाथ से रिवॉल्वर पकड़कर गोली मारी है।
छानबीन के दौरान पुलिस को उसके पास से एक सुसाइड नोट मिला है। उससे पारिवारिक विवाद की बात सामने आई है। हालांकि पत्नी ने पूछताछ में झगड़े से इनकार किया है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक प्रमोद का परिवार के सदस्यों से कुछ बातों को लेकर झगड़ा चल रहा था। प्रमोद 17 मामलों की जांच कर रहा था।