मुगल गार्डन में बुधवार रात खुद को पुलिसकर्मी बताकर छह घरों में घुसे तीन बदमाशों ने चार घंटे तक कोहराम मचाया।
एक के बाद एक घर में वारदात के दौरान बदमाशों ने बच्चों और महिलाओं को गन प्वाइंट पर लेकर बंधक बना लिया फिर मारपीटकर लाखों के जेवर और नगदी लूट ले गए।
पीड़ितों के अनुसार, दो बदमाश नकाबपोश थे और एक का चेहरा खुला था। पुलिस ने मामला चोरी की धारा में दर्ज किया है।
पीड़ितों ने बताया कि रात 11 बजे तीनों बदमाश पुलिसवाले बताकर छानबीन का झांसा देकर इमामुद्दीन के घर में घुसे। बच्चों समेत परिवार के आठ सदस्यों को गन प्वाइंट पर लेकर कमरे में बंद कर दिया।
यहां से 22 हजार रुपये, तीन पाजेब, तीन चेन और कुंडल लूट लिए। इमामुद्दीन को गन प्वाइंट पर साथ ले लिया और बाकी सदस्यों को कमरे में बंद कर बाहर से कुंडी लगा दी। इमामुद्दीन से पड़ोसी रईस का गेट खुलवाया।
रईस और पत्नी फरजाना से 19 हजार रुपये और जेवर लूटे। यहां इमामुद्दीन और फरजाना को कमरे में बंद कर दिया। फिर रईस को गन प्वाइंट पर लेकर पड़ोसी नबी के घर घुसे।
नबी और उसकी पत्नी रेशमा से पांच हजार रुपये और जेवर लूट लिए। इसके बाद अब्दुल्ला और कयूम के घर में लूट की। यहां से 50 हजार रुपये और जेवर लूटकर ले गए। आखिर में बदमाश अनीस के घर पहुंचे। घर केबाहर सो रहे उसके ससुर और बच्चों को गन प्वाइंट पर ले लिया।
छत पर लेटा अनीस शोर मचाते हुए कूद गया, जिससे उसके पैरों में फ्रैक्चर हो गया। चीख-पुकार सुनकर आसपास केलोग जमा होने लगे तो बदमाश अनीस के ससुर को कुछ दूर गन प्वाइंट पर ले गए और मारपीट कर भाग गए।
ये सभी परिवार मोहल्ले में बाहर की तरफ रहते हैं। मेहनत मजदूरी करके भरण-पोषण करते हैं। एसएचओ मसूरी वीरेंद्र यादव ने बताया कि तहरीर के आधार पर चोरी की रिपोर्ट दर्ज की गई है। कार्रवाई की जा रही है।